आमदनी अठन्नी, खर्चा रुपया: चुनावी रेवडिय़ों का बढ़ता जाल

सुभाष मिश्रदेश में चुनाव अब केवल लोकतांत्रिक प्रक्रिया नहीं रह गए हैं, बल्कि वे धीरे-धीरे वायदों की नीलामी में ...

Continue reading

प्रकृति के साये में: बैगाचक की यात्रा और विरासत की खोज

-सुभाष मिश्रगाड़ासरई में आपको एक ही अस्पताल मिलेगा जो डॉक्टर विजय चौरसिया का है, जहां बैगा आदिवासी इलाज के लिए ...

Continue reading

गिरता रुपया, बढ़ता दबाव: सबसे बड़ा बोझ आखिर किस पर?

-सुभाष मिश्रभारतीय अर्थव्यवस्था के मौजूदा परिदृश्य में रुपये की गिरती कीमत अब महज एक वित्तीय आंकड़ा नहीं रह गई ...

Continue reading

अंधविश्वास, सत्ता और संगठित शोषण का त्रिकोण—जब विश्वास बन जाता है हथियार

-सुभाष मिश्रभारत में आस्था केवल धार्मिक भावना नहीं, बल्कि सामाजिक संरचना का आधार रही है। लेकिन जब यही आस्था विव...

Continue reading

डिजिटल जनगणना की नई शुरुआत: डेटा से तय होगा देश का भविष्य

-सुभाष मिश्रभारत में 1 अप्रैल 2026 से शुरू हुई 'जनगणना 2027' केवल एक प्रशासनिक कवायद नहीं, बल्कि देश के भविष्य की दिशा तय करने वाला एक निर्णायक मोड़ है। यह दे...

Continue reading

नक्सलवाद पर सियासत: वैचारिक लड़ाई, जीत के दावे और अधूरी सच्चाइयाँ

-सुभाष मिश्रछत्तीसगढ़ में नक्सलवाद का मुद्दा अब केवल सुरक्षा या विकास का विषय नहीं रह गया है, बल्कि यह गहरे राज...

Continue reading

नक्सलवाद की समाप्ति का दावा और सियासत की धार

नक्सलवाद की समाप्ति का दावा और सियासत की धार

-सुभाष मिश्रसंसद में केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह का हालिया बयान केवल एक सुरक्षा उपलब्धि का ब्योरा नहीं था, बल्कि उसमें सियासत की तीखी धार भी साफ दिखाई दी। उन्...

Continue reading

महिलाएं वोट बैंक से आगे भी है

-सुभाष मिश्रअगले महीने होने जा रहे विधानसभा चुनावों ने एक बार फिर भारतीय राजनीति की उस सच्चाई को सामने ला दिया ...

Continue reading

तेज उड़ान की ओर भारत: कनेक्टिविटी से बदलती अर्थव्यवस्था की दिशा

-सुभाष मिश्रभारत का नागरिक उड्डयन क्षेत्र अब केवल हवाई यात्रा की सुविधा भर नहीं रह गया है; यह देश की बदलती अर्थ...

Continue reading