दुर्ग। जिले के महिला थाना क्षेत्र में नौकरी दिलाने का झांसा देकर एक युवती के साथ आठ वर्षों तक सामूहिक दुष्कर्म करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए रविवार को एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। प्रकरण में अब तक कुल तीन गिरफ्तारियां हो चुकी हैं, जबकि तीन अन्य फरार आरोपियों की तलाश जारी है।
पुलिस के अनुसार पीड़िता ने अपनी मां के साथ थाने पहुंचकर लिखित शिकायत दर्ज कराई थी। पीड़िता का आरोप है कि वर्ष 2018 में जब वह नाबालिग थी, तब से लेकर अक्टूबर 2025 तक छह आरोपियों ने उसका शारीरिक शोषण किया। आरोपियों ने लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) में नौकरी लगवाने का लालच देकर उसे अपनी हवस का शिकार बनाया। पीड़िता ने बताया कि आरोपियों ने उसकी मजबूरी का फायदा उठाकर अलग-अलग समय पर सामूहिक दुष्कर्म की वारदात को भी अंजाम दिया।
शिकायत में उल्लेख किया गया है कि पहली बार जब वारदात हुई तब पीड़िता की उम्र मात्र 14 वर्ष थी। आरोपियों द्वारा लंबे समय तक किए गए इस कृत्य के कारण युवती मानसिक और शारीरिक रूप से गंभीर रूप से प्रभावित हुई है। जब काफी समय बीत जाने के बाद भी उसे नौकरी नहीं मिली, तब उसने न्याय के लिए पुलिस की शरण ली।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं और पॉक्सो एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस फरार तीन अन्य आरोपियों की तलाश में जुटी है, जिनमें कुछ प्रभावशाली लोगों के शामिल होने की बात कही जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही शेष आरोपियों को भी हिरासत में ले लिया जाएगा।
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