नई जनरेशन की नई चाहत-ना शादी, ना बच्चा

Editor-in-Chief सुभाष मिश्र की कलम से: नई जनरेशन की नई चाहत-ना शादी, ना बच्चा

-सुभाष मिश्रनई जनरेशन की शादी की कोई जल्दी नहीं है। यदि शादी हो भी जाए, तो बच्चा जल्दी नहीं चाहिए। देश में पहले नारा था— दो या तीन बस, फिर समय के साथ नारा बदल...

Continue reading

Editor-in-Chief सुभाष मिश्र की कलम से – लालच के आगे हारता विवेक

-सुभाष मिश्रभारतेंदु हरिश्चंद्र ने अंधेर नगरी के गीत में बहुत पहले जिस वाक्य को लगभग चेतावनी की तरह रखा था 'लोभ पाप का मूल है। आज वही वाक्य हमारे समय की सबसे ...

Continue reading

IGNOU Job Fair 2026 : बेरोजगार युवाओं के लिए सुनहरा मौका: यहाँ 12 जनवरी को लगेगा बड़ा रोजगार मेला, ऐसे करें रजिस्ट्रेशन

IGNOU Job Fair 2026 : दिल्ली : अगर आप नौकरी की तलाश में भटक रहे हैं, तो साल 2026 की शुरुआत आपके लिए एक बड़ी खुशखबरी लेकर आई है। दिल्ली स्थित इंदिरा गांधी राष्...

Continue reading

Editor-in-Chief सुभाष मिश्र की कलम से – धान के गोदामों में चूहे और तंत्र का सच

-सुभाष मिश्रकई बार मन में यह ख्याल आता है कि यदि चूहे नहीं होते, दीमक नहीं होती, सरकारी दफ्तरों में दैवीय प्रको...

Continue reading

साकेत कोर्ट की छत से कूदा कर्मचारी, आखिरी खत में लिखा- ‘साहब, काम का बोझ अब नहीं सहा जाता

नई दिल्ली: आज दिल्ली के साकेत कोर्ट में जो हुआ, उसने सबको सुन्न कर दिया है। इंसाफ की उम्मीद रखने वाली इसी इमारत में एक कर्मचारी ने अपनी जिंदगी खत्म कर ली। कोर...

Continue reading

Turkman Gate

तुर्कमान गेट मामला : छावनी के साए में जुमे की नमाज, पैरामिलिट्री फोर्स तैनात, मस्जिद प्रशासन ने की घर पर इबादत की अपील

दिल्ली : दिल्ली के तुर्कमान गेट इलाके में स्थित फैज-ए-इलाही मस्जिद में आज जुमे की नमाज कड़ी सुरक्षा और भारी पहरे के बीच अदा की जाएगी। 6 नवंबर की रात को अवैध ...

Continue reading

दिल्ली-एनसीआर

Weather Update : कड़ाके की ठंड के बीच झमाझम बरसे बादल

दिल्ली-एनसीआर में आज सुबह मौसम का मिजाज पूरी तरह बदल गया। भीषण ठंड और प्रदूषण की मार झेल रहे दिल्लीवासियों के लिए शुक्रवार की सुबह बादलों की गड़गड़ाहट और झमाझ...

Continue reading

जब कुलपति ने साहित्य को ‘अनुशासन’ सिखाया और साहित्यकार प्रतिरोध भूलकर चुप रहे

-सुभाष मिश्रसाहित्य अकादमी और गुरु घासीदास केंद्रीय विश्वविद्यालय के संयुक्त आयोजन में वरिष्ठ कथाकार मनोज रूपड़...

Continue reading

जेएनयू, नारे और राष्ट्र: अभिव्यक्ति की आज़ादी बनाम लोकतांत्रिक विवेक

-सुभाष मिश्रभारत के लोकतंत्र में विश्वविद्यालय केवल डिग्री बाँटने वाले संस्थान नहीं होते, बल्कि वे उस बौद्धिक च...

Continue reading

एसआईआर: मतदाता सूची का शुद्धिकरण या लोकतंत्र की परीक्षा?

-सुभाष मिश्रउत्तर प्रदेश में विशेष गहन पुनरीक्षण यानी एसआईआर की ड्राफ्ट मतदाता सूची सामने आते ही लोकतंत्र के सबसे बुनियादी आधार—मतदाता—पर ही सवाल खड़े हो गए ह...

Continue reading