राजौरी में बीती रात हुई जोरदार बारिश ने भीषण तबाही मचाई है। रात 1:00 बजे से सुबह 6:00 बजे के बीच हुई मूसलाधार बारिश के बाद क्षेत्र में अचानक बाढ़ आ गई। राजौरी नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने से इसका पानी बेला कॉलोनी में घुस गया, जिससे पूरा इलाका जलमग्न हो गया। बेला बस स्टैंड पर खड़ी दर्जनों गाड़ियां पानी के तेज बहाव में बह गईं। कई परिवार अपने घरों में फंस गए हैं और मवेशियों के नुकसान की भी खबर है।
दरहाली नदी की बाढ़ ने भी बेला इलाके को भारी नुकसान पहुंचाया है। यहां का पार्क और बस स्टैंड पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है। थन्ना मंडी सब-डिवीजन के चुरुंग, राजधानी और बेहरोट इलाके भी बाढ़ की चपेट में हैं। अधिकारियों के अनुसार, बेहरोट में एक क्रशर यूनिट में कई मजदूरों के फंसे होने की जानकारी मिली है, जिन्हें निकालने का प्रयास किया जा रहा है।
प्रशासन ने सबसे भयावह घटना मंजाकोट तहसील के कोटली कलाबन और गोलिनारी इलाकों में बताई है। यहां बादल फटने के कारण अचानक आई बाढ़ में एक स्थानीय कब्रिस्तान बह गया, जिससे कई कब्रें नष्ट हो गईं। इस घटना ने स्थानीय लोगों को झकझोर कर रख दिया है।
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग ने पहले ही इस इलाके के लिए भारी बारिश और अचानक बाढ़ की चेतावनी जारी की थी। प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव दल तैनात कर दिए हैं। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों से सतर्क रहने और जलाशयों के पास न जाने की अपील की गई है। अभी भी स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है और नुकसान का आकलन किया जा रहा है।