दिल्ली के द्वारका में ऑनलाइन परीक्षा सॉल्वर गैंग का पर्दाफाश, 32 छात्र पकड़े गए

नई दिल्ली। दिल्ली के द्वारका क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़े परीक्षा धोखाधड़ी गिरोह का भंडाफोड़ किया है। गुप्त सूचना के आधार पर ‘हैप्पी होम’ नामक स्थान पर दी गई दबिश में पुलिस को 32 छात्र मिले, जो दूसरों के स्थान पर ऑनलाइन प्रवेश परीक्षा देने की तैयारी कर रहे थे। इस संगठित रैकेट का मास्टरमाइंड 28 वर्षीय हर्षवर्धन को बताया जा रहा है, जिसे पुलिस ने हिरासत में ले लिया है।

पूछताछ में खुलासा हुआ कि हर्षवर्धन मुंबई के एक प्रतिष्ठित मैनेजमेंट संस्थान की प्रवेश परीक्षाओं में डमी उम्मीदवारों को बैठाने का काम करता था। यह गिरोह एनीडेस्क और एमी एडमिन जैसे रिमोट एक्सेस सॉफ्टवेयर का उपयोग कर जयपुर स्थित एक आईटी लैब के कंप्यूटर सिस्टम को हैक करता था। जांच में सामने आया कि पकड़े गए 32 छात्रों में से कुछ को इस जालसाजी की जानकारी थी, जबकि कुछ को गुमराह कर वहां लाया गया था। इन छात्रों को प्रति प्रश्न हल करने के बदले 500 से 1000 रुपये तक दिए जाते थे। पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज कर ली है और छात्रों को बाउंड डाउन किया गया है।

दूसरी ओर, पश्चिम एशिया में ईरान और अमेरिका के बीच घोषित संघर्ष विराम का भारत सरकार ने स्वागत किया है। विदेश मंत्रालय ने उम्मीद जताई है कि इस पहल से क्षेत्र में स्थायी शांति आएगी और वैश्विक व्यापार नेटवर्क बहाल होगा। भारत के लिए यह सीजफायर सामरिक और आर्थिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, क्योंकि होर्मुज जलडमरूमध्य के पश्चिमी हिस्से में भारत के 16 व्यापारिक जहाज फंसे हुए हैं। इन जहाजों में लगभग दो लाख टन एलपीजी और अन्य महत्वपूर्ण ऊर्जा संसाधन मौजूद हैं।

भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों का एक बड़ा हिस्सा इसी मार्ग से आयात करता है। जहाजों की सुरक्षित निकासी के लिए भारत सरकार लगातार ईरानी अधिकारियों के संपर्क में है। इसी क्रम में भारत के विदेश सचिव विक्रम मिसरी वाशिंगटन में अमेरिकी अधिकारियों से मुलाकात करेंगे और विदेश मंत्री एस. जयशंकर संयुक्त अरब अमीरात की यात्रा पर जाएंगे। इस कूटनीतिक सक्रियता का उद्देश्य वैश्विक ऊर्जा बाजार में स्थिरता लाना और भारतीय हितों की रक्षा करना है।

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