छत्तीसगढ़ सरकार के आदिम जाति विकास विभाग ने प्रशासनिक कामकाज में सुधार करते हुए तीन सीनियर अफसरों यानी अपर संचालकों का ट्रांसफर कर दिया है। विभाग की ओर से इस संबंध में नई पदस्थापना के आधिकारिक आदेश भी जारी कर दिए गए हैं। शासन का मानना है कि बस्तर, सरगुजा और बिलासपुर संभाग के आदिवासी और पिछड़े इलाकों में चल रही सरकारी योजनाओं को सही तरीके से जमीन पर उतारने और उनकी निगरानी करने के लिए यह नई व्यवस्था बेहद जरूरी थी।
इन प्रमुख योजनाओं की निगरानी संभालेंगे अफसर
सरकार द्वारा जारी आदेश के मुताबिक, इस फेरबदल का मुख्य उद्देश्य बस्तर पैकेज, धरती आबा जनजाति ग्राम उत्कर्ष अभियान (DAJGUA) और प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाअभियान (PM-JANMAN) जैसी बड़ी योजनाओं को रफ्तार देना है। इसके अलावा वन अधिकार कानून, एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालयों का मैनेजमेंट, हॉस्टल-आश्रमों का संचालन और एकीकृत आदिवासी विकास प्राधिकरण (ITDA) के तहत होने वाले विकास कार्यों को मजबूती देने के लिए इन अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
जानिए किस अधिकारी को कहां भेजा गया
जितेंद्र कुमार गुप्ता: अभी तक ये नवा रायपुर के इंद्रावती भवन में बने आयुक्त कार्यालय में तैनात थे। अब इन्हें बिलासपुर के परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केंद्र में अपर संचालक बनाया गया है। साथ ही इन्हें सरगुजा संभाग की सभी विभागीय योजनाओं के लिए नोडल अधिकारी (Nodal Officer) का एक्स्ट्रा चार्ज दिया गया है, जिनका मुख्यालय अंबिकापुर रहेगा।
राधेश्याम भोई: ये भी नवा रायपुर के कमिश्नर ऑफिस में अपनी सेवाएं दे रहे थे। अब इन्हें जगदलपुर के परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केंद्र में अपर संचालक की जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही ये बस्तर संभाग के नोडल अधिकारी के रूप में काम करेंगे, जिनका मुख्यालय जगदलपुर बनाया गया है।
तारकेश्वर देवांगन: ये अभी तक बिलासपुर के परीक्षा पूर्व प्रशिक्षण केंद्र में अपर संचालक के पद पर कार्यरत थे। अब इनका ट्रांसफर नवा रायपुर के अटल नगर स्थित आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास कार्यालय में कर दिया गया है।
15 जून तक संभालना होगा नया कार्यभार
आदिम जाति विकास विभाग ने इस आदेश में साफ कर दिया है कि सभी संबंधित अधिकारियों को तुरंत प्रभाव से कार्यमुक्त (Relieve) कर दिया गया है। इन सभी अफसरों को हर हाल में 15 जून 2026 तक अपनी नई पोस्टिंग वाली जगह पर पहुंचकर अपना कार्यभार संभालना होगा। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि इन अधिकारियों का जून 2026 महीने का वेतन उनके नए दफ्तर से ही जारी किया जाएगा।
