कोरबा। रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-1 पर गेवरा रोड छोर स्थित राहत वैन की छत पर पेंटिंग कार्य कर रहे निजी कर्मचारी श्याम चौहान की ओएचई लाइन की चपेट में आने से गंभीर रूप से झुलसने के बाद शनिवार को बिलासपुर के बर्न एंड ट्रॉमा रिसर्च सेंटर में इलाज के दौरान मौत हो गई।
हादसा 24 नवंबर को हुआ था। सुबह 10:10 बजे ओएचई ब्लॉक लेकर एआरटी राहत वैन की छत पर पेंटिंग का कार्य शुरू किया गया था। शाम 4:10 बजे कैंसल मेमो मिलने के बाद 4:20 बजे ओएचई चार्ज किया गया। मात्र दो मिनट बाद यानी 4:22 बजे श्याम चौहान करंट की चपेट में आ गया। उसके शरीर का लगभग 30 प्रतिशत हिस्सा जल गया था।
प्राथमिक उपचार के लिए उसे पहले कोरबा जिला अस्पताल लाया गया, फिर गंभीर हालत को देखते हुए बिलासपुर रेफर कर दिया गया। पांच दिन तक जिंदगी और मौत से संघर्ष करने के बाद शनिवार को उसने दम तोड़ दिया।
श्याम चौहान रेलवे कॉलोनी कोररबा के रनिंग रूम के पीछे रहता था। पुलिस ने शून्य में मर्ग कायम कर पंचनामा कार्रवाई पूरी कर ली है। मामले की जांच जारी है।