दिलीप गुप्ता
सरायपाली ग्राम केना के पंचदिवसीय राधाकृष्ण मंदिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव में वंदेमातरम् सेवा संस्थान छत्तीसगढ़ के उपाध्यक्ष जन्मजय नायक बतौर संचालक के रूप में शामिल हुए।
इस अवसर पर नायक ने कहा “राधाकृष्ण मंदिर प्राण प्रतिष्ठा दिव्य प्रेम,सर्वोच्च भक्ति और ईश्वर के साथ आत्मा के मिलन का प्रतीक है”।प्राण प्रतिष्ठा एक वैदिक अनुष्ठान है जो मूर्ति में दैवीय उर्जा का संचार कर उसे जीवंत देवता के रूप में स्थापित किया जाता है।
नायक ने आगे कहा राधा-कृष्ण को प्रेम का सर्वोच्च रूप माना जाता है जो निस्वार्थ भक्ति और सद्भाव का का प्रतिनिधित्व करते हैं।यह महोत्सव राधा(आत्मा)और कृष्ण (परमात्मा)के दिव्य मिलन का प्रतीक है,जो भक्तों को आध्यात्मिक चेतना की ओर ले जाती है। नायक ने कहा केना गाँव वासियों के लिए वो शुभ घड़ी आ गई जिसका उन्हें बरसों से इंतजार था।आज उनके बीच साक्षात् प्रेम और भक्ति का संगम राधाकृष्ण के रूप में स्थापित हो गई। इस अवसर पर राकेश चौधरी,बाबूलाल पटेल,शिव प्रधान,मनोज पटेल,सुशील नायक,डॉ.सुरेश पटेल सहित मंदिर समिति के सदस्य, सरपंच,पंचगण,ग्रामीणजन एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु भक्त वृन्द उपस्थित थे।
राधाकृष्ण मंदिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव में बतौर संचालक के रूप में शामिल हुए जन्मजय नायक

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Apr