नई दिल्ली।
रसोई गैस का इस्तेमाल करने वाले करोड़ों उपभोक्ताओं के लिए एक बड़ा अपडेट आया है। सरकार और तेल कंपनियों की नई व्यवस्था के कारण जुलाई महीने की शुरुआत से कई लोगों को मिलने वाली गैस सब्सिडी बंद हो सकती है। जिन उपभोक्ताओं ने सरकार द्वारा तय की गई जरूरी प्रक्रिया को समय पर पूरा नहीं किया है, उन्हें इसका सीधा नुकसान उठाना पड़ेगा।
डिजिटल सत्यापन न कराने पर लगेगा झटका
सबसे महत्वपूर्ण नियम डिजिटल सत्यापन यानी ई केवाईसी से जुड़ा हुआ है। सरकार ने पहले ही साफ कर दिया था कि जिन रसोई गैस ग्राहकों ने 30 जून तक अपना डिजिटल सत्यापन पूरा नहीं कराया है, उनकी सब्सिडी रोक दी जाएगी। यह प्रक्रिया पूरी तरह से आधार कार्ड पर आधारित पहचान से जुड़ी है। सरकार ने इसे इसलिए जरूरी किया है ताकि फर्जी तरीके से लाभ लेने वाले लोगों को सिस्टम से बाहर किया जा सके।
इन लोगों को अब नहीं मिलेगी राहत
नये नियमों के तहत कुछ खास श्रेणी के लोगों को सब्सिडी के दायरे से पहले ही बाहर रखा गया है।
1 जिनकी सालाना पारिवारिक आय 10 लाख रुपये से ज्यादा है।
2 जिन्होंने अपनी इच्छा से खुद अपनी सब्सिडी छोड़ दी है।
3 जिन्होंने अपना डिजिटल सत्यापन या आधार कार्ड लिंक नहीं कराया है।
सरकारी नियमों के मुताबिक 10 लाख रुपये से अधिक कमाने वाले परिवारों को रसोई गैस पर मिलने वाली छूट का लाभ नहीं दिया जाता है।
नियमों को सख्त करने के पीछे क्या है वजह
सरकार का मुख्य उद्देश्य सब्सिडी का पैसा सीधे सही और जरूरतमंद लोगों तक पहुंचाना है। इस नई व्यवस्था से फर्जी गैस कनेक्शन और एक ही नाम पर चल रहे दोहरे कनेक्शनों पर पूरी तरह रोक लग जाएगी। आपको बता दें कि उज्ज्वला योजना के तहत आने वाले गरीब परिवारों को हर सिलेंडर पर 300 रुपये तक की छूट मिलती है। यह पैसा सीधे उनके बैंक खाते में पहुंचता है।
राहत जारी रखने के लिए तुरंत करें ये काम
अगर आप चाहते हैं कि आपके गैस सिलेंडर पर मिलने वाली छूट बंद न हो, तो तुरंत नीचे दिए गए काम पूरे कर लें।
1 अपने नजदीकी गैस डीलर के पास जाकर डिजिटल सत्यापन पूरा कराएं।
2 अपने आधार कार्ड को गैस कनेक्शन और बैंक खाते से जोड़ें।
3 कंपनी की मोबाइल एप्लीकेशन या गैस एजेंसी पर जाकर अपनी पहचान को सत्यापित करवाएं।
जुलाई महीने से रसोई गैस के नियमों को काफी कड़ा कर दिया गया है। अगर आप सरकार द्वारा तय की गई आय सीमा में आते हैं या आपने अब तक अपनी जरूरी कागजी कार्रवाई पूरी नहीं की है, तो आपकी जेब पर बोझ बढ़ना तय है। किसी भी तरह के नुकसान से बचने के लिए तुरंत अपनी गैस एजेंसी से संपर्क करें।