श्रीनगर/उरी। जम्मू-कश्मीर के बारामूला जिले में आने वाले उरी सेक्टर से एक बेहद दुखद खबर सामने आ रही है। नियंत्रण रेखा यानी लाइन ऑफ कंट्रोल (LoC) के पास कमलकोट इलाके में एक अचानक हुए जोरदार धमाके में भारतीय सेना के दो जवान शहीद हो गए हैं। यह हादसा मंगलवार देर शाम को उस वक्त हुआ जब सेना की एक टुकड़ी सीमा के पास रूटीन गश्त पर थी। धमाका इतना जबरदस्त था कि इसकी चपेट में आने से दोनों जवान गंभीर रूप से घायल हो गए थे। इसके तुरंत बाद घायल जवानों को इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां उन्होंने दम तोड़ दिया।
गंभीर हालत में श्रीनगर के बेस हॉस्पिटल में किया गया था भर्ती
आधिकारिक सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक धमाके की चपेट में आने के तुरंत बाद दोनों घायल जवानों को इलाज के लिए श्रीनगर के बादामीबाग स्थित सेना के 92 बेस हॉस्पिटल (92 Base Hospital) में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों की टीम ने दोनों को बचाने की पूरी कोशिश की, लेकिन घाव गहरे होने के कारण इलाज के दौरान ही उन्होंने अंतिम सांस ली। शहीद हुए दोनों जांबाज जवान महाराष्ट्र के रहने वाले थे। इनमें से एक जवान की पहचान महाराष्ट्र के ऐरोली के रहने वाले चव्हाण विक्रम बालकृष्ण के रूप में हुई है। वहीं दूसरे शहीद जवान की पहचान महाराष्ट्र के सतारा जिले की कराड तहसील के शाहपुर गांव के रहने वाले अर्जुन जाधव राजेंद्र के तौर पर की गई है।
इलाके में सेना ने शुरू किया बड़ा सर्च ऑपरेशन
इस दर्दनाक हादसे के बाद उरी के कमलकोट और आसपास के पूरे सीमावर्ती इलाके में सेना और स्थानीय पुलिस ने सुरक्षा घेरा मजबूत कर दिया है। पूरे क्षेत्र में सेना की तरफ से एक व्यापक सर्च ऑपरेशन (Search Operation) चलाया जा रहा है ताकि स्थिति को पूरी तरह नियंत्रण में लिया जा सके। शुरुआती जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि यह धमाका किसी बारूदी सुरंग यानी लैंडमाइन की वजह से हुआ है या फिर इसके पीछे सीमा पार से की गई कोई अन्य हरकत थी। इस घटना के बाद से नियंत्रण रेखा पर सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक कड़ा कर दिया गया है। दोनों शहीदों के पार्थिव शरीर को पूरे सैन्य सम्मान के साथ उनके पैतृक गांवों में भेजने की तैयारी की जा रही है।