
रायगढ़ जिले में भारी वाहनों से डीजल चोरी करने वाले संगठित गिरोह के खिलाफ साइबर सेल और छाल पुलिस की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने चोरी कर एकत्रित किया गया करीब 2000 लीटर डीजल और एक छोटा डीजल टैंकर जब्त किया है। आरोपी चोरी का डीजल टैंकर में भरकर बिक्री के लिए ग्राहकों की तलाश कर रहे थे।
यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक दिव्यांग कुमार पटेल के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनिल कुमार सोनी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (साइबर सेल) अनिल कुमार विश्वकर्मा और पुलिस अनुविभागीय अधिकारी प्रभात कुमार पटेल के मार्गदर्शन में की गई।
पुलिस को छाल थाना क्षेत्र अंतर्गत हाईवे पर खड़े भारी वाहनों से लगातार डीजल चोरी की शिकायतें मिल रही थीं। इसे गंभीरता से लेते हुए साइबर सेल और छाल पुलिस को विशेष कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे।
इसी क्रम में 22 जनवरी 2026 को पेट्रोलिंग के दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम हाटी–धरमजयगढ़ मुख्य मार्ग पर ढोडीखार के पास कुछ लोग अवैध रूप से डीजल बिक्री के लिए ग्राहक तलाश कर रहे हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और रेड कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा।
मौके से छोटा डीजल टैंकर YODHA 1700 (वाहन क्रमांक BR 09 GC 1865) बरामद किया गया, जिसमें लगभग 2000 लीटर डीजल जैसा ज्वलनशील पदार्थ भरा हुआ था। जब्त डीजल की अनुमानित कीमत करीब 2 लाख रुपये बताई गई है।
पूछताछ में आरोपियों ने अपने नाम विजय कुमार साव (18) और रवि कुमार साव (28), दोनों निवासी तेतराहट जिला लखीसराय (बिहार), वर्तमान निवासी ग्राम सिथरा थाना धरमजयगढ़, तथा टैंकर चालक रजिंत कुमार साव (38) निवासी भिलाई पावर हाउस जिला दुर्ग (छत्तीसगढ़) बताए।
जांच में सामने आया कि आरोपी छाल–हाटी–धरमजयगढ़ मार्ग पर पेट्रोल पंपों और ढाबों के आसपास खड़े ट्रकों से डीजल चोरी करते थे। इसके अलावा मुख्य मार्ग से गुजरने वाले वाहनों से बाजार मूल्य से कम दाम पर डीजल खरीदकर अलग-अलग रास्तों से ग्राहकों को सस्ते दामों पर बेचते थे।
आरोपियों ने अपने भाई राजेश उर्फ कुरू साव के साथ मिलकर संगठित रूप से डीजल चोरी और बिक्री करना स्वीकार किया है। मामले में आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3 व 7 तथा भारतीय न्याय संहिता की धारा 287 और 111 के तहत अपराध क्रमांक 09/2026 दर्ज कर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। वहीं, आरोपी राजेश उर्फ कुरू साव फिलहाल फरार है।
इस कार्रवाई में थाना प्रभारी छाल निरीक्षक त्रिनाथ त्रिपाठी, सहायक उप निरीक्षक शिव शंकर खरे, प्रधान आरक्षक शंभू पांडे, आरक्षक कृष्णा टंडन, सतीश जगत, रामकृष्ण पटेल, दिलीप सिदार सहित साइबर सेल के प्रधान आरक्षक राजेश पटेल, दुर्गेश सिंह, आरक्षक महेश पंडा, पुष्पेंद्र जाटवर और धनंजय कश्यप की महत्वपूर्ण भूमिका रही।