राजनांदगांव के सुकुल देहान क्षेत्र में पद्मश्री से सम्मानित प्रसिद्ध समाजसेवी फूलबासन बाई यादव के अपहरण का सनसनीखेज मामला सामने आया है। दो अज्ञात महिलाएं कार लेकर उनके घर पहुंचीं और किसी काम का बहाना बनाकर उन्हें साथ चलने के लिए राजी कर लिया। फूलबासन बाई जैसे ही कार में बैठीं, आरोपी महिलाओं ने संदिग्ध व्यवहार शुरू कर दिया।

इस बीच पुलिस की सूझबूझ ने एक बड़ी अनहोनी को टाल दिया। क्षेत्र में चल रहे ट्रैफिक पुलिस के वाहन चेकिंग अभियान के दौरान जब इस कार को रोका गया, तो फूलबासन बाई ने चतुराई दिखाते हुए पुलिसकर्मियों को इशारे से अपने अपहरण की जानकारी दी। संकेत मिलते ही ट्रैफिक पुलिस ने तुरंत कार्रवाई कर कार को घेर लिया और दोनों महिलाओं को हिरासत में ले लिया।
पकड़ी गई महिलाओं को सुकुल देहान पुलिस के हवाले कर दिया गया है, जहां उनसे गहन पूछताछ की जा रही है। फूलबासन बाई पूरी तरह सुरक्षित हैं। पुलिस इस मामले के पीछे के उद्देश्यों और अन्य संभावित आरोपियों की तलाश में जुट गई है। इस घटना के बाद से पूरे जिले में हड़कंप मच गया है।