ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर से एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जहां एक बच्चे के जन्म की खुशियां पल भर में मातम में बदल गईं। थाटीपुर थाना क्षेत्र के तृप्ति नगर में दो महीने के मासूम बच्चे के दशोत्थान (दश्थान) समारोह के दौरान हुई हर्ष फायरिंग में एक महिला की संदिग्ध मौत हो गई। वारदात के बाद आरोपी पति और देवर पुलिस को बिना सूचना दिए शव को डीप फ्रीजर में छुपाकर फरार हो गए।
कट्टा लोड-अनलोड करने के दौरान लगी गोली
मिली जानकारी के अनुसार, तृप्ति नगर के रहने वाले मनोज कुशवाह (जो एक निजी बैंक में मैनेजर हैं) के घर उनके दो माह के बेटे का दष्ठान कार्यक्रम चल रहा था। जश्न के माहौल के बीच मनोज के भाई योगेश ने अवैध देसी कट्टे से हर्ष फायरिंग करने की कोशिश की। बताया जा रहा है कि कट्टे को लोड-अनलोड करने के दौरान अचानक ट्रिगर दब गया और गोली सीधे उसकी भाभी जान्हवी उर्फ ज्योति कुशवाह को जा लगी। गोली लगते ही जान्हवी ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
गुपचुप अंतिम संस्कार की साजिश नाकाम
महिला की मौत के बाद परिजनों ने कानून से बचने के लिए एक खौफनाक साजिश रची। उन्होंने पुलिस या एम्बुलेंस को बुलाने के बजाय जान्हवी के शव को एक डीप फ्रीजर के अंदर छुपा दिया। परिवार की योजना देर रात गुपचुप तरीके से शव का अंतिम संस्कार करने की थी, ताकि मामला हमेशा के लिए दफन हो जाए। लेकिन ऐन वक्त पर पुलिस को मुखबिर से इस बात की गुप्त सूचना मिल गई।
जांच में जुटी पुलिस, हत्या या हादसा?
जैसे ही थाटीपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची, मृतका का पति मनोज कुशवाह और गोली चलाने वाला देवर योगेश वहां से भाग निकले। पुलिस ने घर से डीप फ्रीजर को अपने कब्जे में लेकर शव को पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया है। पुलिस अब इस मामले की दो अलग-अलग एंगल से जांच कर रही है कि यह वाकई हर्ष फायरिंग का हादसा था या फिर इसके पीछे हत्या की कोई सोची-समझी साजिश थी। फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।