कांकेर। बस्तर संभाग के कांकेर जिले में इन दिनों भारतीय डाक विभाग के नाम पर एक फर्जी नियुक्ति आदेश सोशल मीडिया पर जंगल की आग की तरह फैल रहा है। इस जालसाजी भरे दस्तावेज को सच मानकर कई बेरोजगार युवा ठगी का शिकार हो रहे हैं और नौकरी के नाम पर उनसे लाखों रुपए ऐंठ लिए गए हैं। इस वायरल पत्र में बस्तर डिवीजन जगदलपुर के नाम का इस्तेमाल करते हुए बकायदा पोस्टिंग और जॉइनिंग की तारीखें लिखी गई हैं। फर्जीवाड़े को पुख्ता रूप देने के लिए इसमें अधिकारियों की मुहर और सरकारी पत्र जैसा प्रारूप भी तैयार किया गया है ताकि किसी को शक न हो।
डाक मुख्यालय ने पत्र को बताया फर्जी और जांच पर खामोशी
मामला संज्ञान में आते ही बस्तर संभाग के डाक विभाग मुख्यालय ने साफ कर दिया है कि यह दस्तावेज पूरी तरह से नकली है और विभाग ने ऐसा कोई भी आदेश जारी नहीं किया है। हालांकि विभाग की ओर से इसे धोखाधड़ी करार दिए जाने के बावजूद अब तक पुलिस में आधिकारिक शिकायत या आंतरिक जांच को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं। इस चुप्पी ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं कि आखिर गिरोह के पीछे कौन है जो सरकारी मुहरों का बेधड़क इस्तेमाल कर रहा है। विभाग ने युवाओं को सचेत किया है कि वे किसी भी अनधिकृत व्यक्ति को पैसे न दें और केवल आधिकारिक वेबसाइट पर ही भरोसा करें।
