लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में गोमती नगर एक्सप्रेस की बोगी से मिले युवती के क्षत-विक्षत शव के मामले को जीआरपी (GRP) पुलिस ने सुलझा लिया है। इस खौफनाक हत्याकांड के पीछे कोई और नहीं, बल्कि लड़की का सगा पिता ही निकला। पुलिस ने आरोपी पिता को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ में पता चला है कि पिता इस बात से नाराज था कि उसकी बेटी किसी लड़के से फोन पर बात करती थी। मृतका कुशीनगर की रहने वाली थी। (Lucknow Train Murder Case)
सफाईकर्मी की सूझबूझ से सामने आई थी वारदात
यह रूह कंपा देने वाली घटना बीते 17 मई की है। बिहार के छपरा से चलकर लखनऊ पहुंची गोमती नगर एक्सप्रेस (Gomti Nagar Express) जब यार्ड में खड़ी थी, तब एक सफाईकर्मी बोगी की सफाई करने अंदर गया। कोच संख्या S-1 में उसे एक लावारिस बॉक्स और बड़ा बैग दिखाई दिया। काफी देर तक जब कोई उसे लेने नहीं आया, तो सफाईकर्मी को शक हुआ। उसने तुरंत इसकी जानकारी रेलवे के बड़े अधिकारियों और जीआरपी को दी। (Onor Killing Case UP)
बॉक्स खोलते ही उड़ गए पुलिस के होश
सूचना मिलते ही जीआरपी और आरपीएफ (RPF) की टीम मौके पर पहुंची। जब पुलिस ने बोगी में रखे उस लोहे के बॉक्स को खोला, तो अंदर का नजारा देखकर सबकी रूह कांप गई। बॉक्स के भीतर एक युवती का कटा हुआ सिर और धड़ रखा था। इसके बाद जब पास में पड़े बैग की चैन खोली गई, तो उसमें पॉलिथीन के अंदर युवती के हाथ और पैर काटकर छुपाए गए थे। पुलिस ने तुरंत शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया। (Gomti Nagar Railway Station Crime)
किसी लड़के से बात करने पर खौला था पिता का खून
जीआरपी पुलिस के मुताबिक, मृतका की उम्र करीब 30 से 35 साल के बीच थी। शव के टुकड़े इतनी बेरहमी से किए गए थे कि उसकी पहचान करना मुश्किल था। पुलिस ने जब कुशीनगर और आसपास के इलाकों में तफ्तीश की, तो कड़ी से कड़ी जुड़ती चली गई।
आखिरकार पुलिस ने मृतका के पिता को दबोच लिया। आरोपी पिता ने अपना जुर्म कबूल करते हुए बताया कि बेटी का किसी गैर लड़के से बात करना उसे नागवार गुजर रहा था। लोक-लाज और गुस्से में आकर उसने बेटी को मौत के घाट उतार दिया और सबूत मिटाने के लिए लाश के टुकड़े कर ट्रेन में छोड़ दिए।