रायपुर। राजधानी रायपुर में लगातार बढ़ रही मोबाइल और चेन स्नेचिंग की घटनाओं ने शहर की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ताजा मामला भाजपा विधायक और पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक से जुड़ा है। मॉर्निंग वॉक के दौरान उनका मोबाइल लूट लिया गया। इस घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
रायपुर पुलिस कमिश्नरेट के आंकड़ों के मुताबिक, साल 2026 के शुरुआती चार महीनों में झपटमारी के 24 मामले दर्ज हुए हैं। इनमें मोबाइल, सोने की चेन, पर्स और नकदी लूटने की घटनाएं शामिल हैं। पुलिस का दावा है कि 20 मामलों में आरोपियों को गिरफ्तार कर सामान बरामद कर लिया गया है।
गौरतलब है कि 23 जनवरी 2026 से रायपुर में पुलिस कमिश्नरेट व्यवस्था लागू हुई थी। इसके बाद उम्मीद जताई जा रही थी कि राजधानी में अपराधों पर तेजी से नियंत्रण होगा। लेकिन हाल के आंकड़े और लगातार सामने आ रही घटनाएं इन दावों पर सवाल खड़े कर रही हैं।
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार पुरानी बस्ती, टिकरापारा, डीडी नगर, गंज, तेलीबांधा, सिविल लाइन, सरस्वती नगर, खम्हारडीह और देवेंद्र नगर जैसे इलाके झपटमारी की घटनाओं से सबसे ज्यादा प्रभावित रहे हैं। ज्यादातर मामलों में आरोपी बाइक से पहुंचे और वारदात के बाद तेजी से फरार हो गए।
पुरानी बस्ती इलाके में एक महिला से करीब 1.50 लाख रुपये की सोने की चेन छीनी गई थी। वहीं टिकरापारा में महिलाओं को निशाना बनाकर कई चेन स्नेचिंग की घटनाएं हुईं। डीडी नगर क्षेत्र में महिला से 1.25 लाख रुपये कीमत का मंगलसूत्र लूट लिया गया।
धरमलाल कौशिक से मोबाइल लूट की घटना भी रविवार सुबह पीडब्ल्यूडी आर्च ब्रिज के नीचे हुई। हालांकि पुलिस ने तेजी दिखाते हुए महज 8 घंटे में आरोपी मणिकांत ध्रुव को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी से मोबाइल और वारदात में इस्तेमाल बाइक भी जब्त की गई।
पुलिस का कहना है कि संवेदनशील इलाकों में पेट्रोलिंग बढ़ाई गई है। सीसीटीवी निगरानी और तकनीकी जांच के जरिए अपराधियों पर नजर रखी जा रही है। इसके बावजूद राजधानी में लगातार बढ़ती झपटमारी की घटनाएं आम लोगों की चिंता बढ़ा रही हैं।