रमेश गुप्ता, दुर्ग. छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले से इस वक्त की एक बड़ी खबर सामने आ रही है। पाटन तहसील के अमलीडीह क्षेत्र में बड़े पैमाने पर चल रही अवैध प्लॉटिंग पर प्रशासन ने कड़ा एक्शन लिया है। टाउन एंड कंट्री प्लानिंग डिपार्टमेंट ने राजस्व और पुलिस विभाग के साथ मिलकर बुधवार को एक बड़ी संयुक्त कार्रवाई की। इस दौरान भू-माफियाओं द्वारा बिना अनुमति बनाई गई सड़कों और बाउंड्रीवॉल को पूरी तरह तोड़ दिया गया।

स्वीकृत ले-आउट का उल्लंघन कर बेची जा रही थी जमीन
यह पूरा मामला ग्राम अमलीडीह का है। यहां खसरा नंबर 15000 की करीब 27 हेक्टेयर यानी लगभग 67 एकड़ जमीन पर अवैध विकास कार्य चल रहा था। विभाग से पास नक्शे यानी ले-आउट का उल्लंघन करके इस कीमती जमीन को छोटे-बड़े टुकड़ों में काटकर बेचा जा रहा था। इतना ही नहीं, नियमों को ताक पर रखकर यहां बिना अनुमति के पक्की सड़कें, गेट और बाउंड्रीवॉल भी खड़ी कर दी गई थीं, जिससे जमीन का मूल स्वरूप पूरी तरह बदल गया था।
जवाब न मिलने पर की गई सख्त कानूनी कार्रवाई
टाउन एंड कंट्री प्लानिंग डिपार्टमेंट ने इस गड़बड़ी को लेकर संबंधित भू-स्वामियों को पहले ही कानूनी नोटिस जारी किया था। उन्हें अपना पक्ष रखने के लिए समय भी दिया गया था, लेकिन उनकी तरफ से कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला। इसके बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए छत्तीसगढ़ नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम 1973 के तहत ध्वस्तीकरण की कार्रवाई शुरू कर दी।
मौके पर मौजूद रहा भारी अमला
कार्रवाई के दौरान मौके पर भारी प्रशासनिक अमला तैनात रहा। विभाग की सहायक संचालक वर्षा दीवान मिश्रा, तहसीलदार भूपेंद्र सिंह, पटवारी रूपेंद्र साहू और अमलेश्वर थाने की पुलिस टीम बुलडोजर के साथ मुस्तैद रही। अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि जिले में बिना डायवर्शन और रेरा नियमों के खिलाफ जाकर अवैध प्लॉटिंग करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। आने वाले दिनों में भी ऐसी सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।