बीजापुर: चेरपाल के रहने वाले और प्राथमिक शाला पालनार के प्रधानाध्यापक (Headmaster) राजू पुजारी आत्महत्या मामले में परिजनों और सामाजिक संगठनों का गुस्सा भड़क उठा है। घटना को एक महीना बीत जाने के बाद भी आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होने से नाराज समाज प्रमुखों और परिजनों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। शुक्रवार शाम को बीजापुर के गोंडवाना भवन में एक श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया, जहां लोगों ने कैंडल जलाकर और दो मिनट का मौन रखकर स्वर्गीय राजू पुजारी को याद किया और न्याय की मांग की।
कार्रवाई की धीमी रफ्तार से समाज में भारी आक्रोश (Justice For Raju Pujari)
इस श्रद्धांजलि सभा में तेलंगा समाज, सर्व आदिवासी समाज, महार समाज, कलार समाज समेत कई सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और आम लोग बड़ी संख्या में पहुंचे। सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि राजू पुजारी को आत्महत्या (Suicide) के लिए उकसाने वाले आरोपी आज भी खुलेआम घूम रहे हैं। पुलिस की इस ढीली कार्रवाई से जांच की गंभीरता पर बड़ा प्रश्नचिन्ह खड़ा हो गया है। पीड़ित परिवार को अब तक इंसाफ न मिलना बेहद निराशाजनक है।
मांग पूरी न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी (Bijapur Police Administration)
बीजापुर जनपद उपाध्यक्ष और तेलंगा समाज के संयोजक दिनेश पुजारी ने कड़े लहजे में कहा कि राजू पुजारी के परिवार को न्याय दिलाने के लिए यह लड़ाई आखिरी सांस तक लड़ी जाएगी। उन्होंने प्रशासन को चेताया कि अगर पुलिस ने जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार (Arrest) नहीं किया, तो सभी समाज मिलकर एक बड़ा और उग्र आंदोलन करने के लिए मजबूर होंगे। सभा में मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच (Transparent Investigation) की मांग पुरजोर तरीके से उठाई गई।
श्रद्धांजलि सभा में उमड़ा जनसैलाब (Social Organizations Demand Justice)
इस मौके पर सर्व आदिवासी समाज के जिला सचिव कमलेश पैंकरा, गोंडवाना समन्वय समिति के अध्यक्ष अमित कोरसा और महार समाज के अध्यक्ष अजय दुर्गम सहित कैलाश रामटेके, प्रकाश कावरे, सतीश झाड़ी, रैमनदास झाड़ी, मंगल रोटेल, अनीता पुजारी, कमला पुजारी और बड़ी संख्या में समाज के वरिष्ठ पदाधिकारी व परिजन मौजूद रहे। सभी ने एक सुर में कहा कि जब तक दोषियों को सजा नहीं मिल जाती, उनका यह संघर्ष जारी रहेगा।