रायपुर: राज्य शासन के नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग की सचिव आर. शंगीता ने रायपुर नगर निगम मुख्यालय (महात्मा गांधी सदन) पहुंचकर अधिकारियों की एक महत्वपूर्ण बैठक ली। चतुर्थ तल के सामान्य सभा सभागार में आयोजित इस बैठक में उन्होंने नगर निगम के कार्यों की गहन समीक्षा की और शहर की सफाई, पेयजल, स्ट्रीट लाइट सहित नागरिकों की मौलिक सुविधाओं को बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
सचिव ने सभी जोन कमिश्नरों, स्वच्छ भारत मिशन के वार्ड प्रभारियों और नोडल अधिकारियों को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए जनहित में ईमानदारी से कर्तव्य निर्वहन करने की बात कही।
रुके हुए विकास कार्य जल्द होंगे शुरू
नगरीय प्रशासन एवं विकास सचिव ने अधिकारियों को साफ निर्देश दिए कि जो विकास कार्य स्वीकृत हो चुके हैं लेकिन किन्हीं तकनीकी कारणों से शुरू नहीं हो पाए हैं, उनका तुरंत समाधान निकालें और काम जल्द शुरू करवाएं। इसके साथ ही उन्होंने सभी जोन कमिश्नरों को हर 15 दिन में निर्माण कार्यों का जमीनी निरीक्षण और समीक्षा करने की जिम्मेदारी सौंपी है।

जलभराव क्षेत्रों की सफाई और ड्रेनेज पर फोकस
मानसून और बारिश के मद्देनजर सचिव ने जलभराव (वॉटर लॉगिंग) वाले संवेदनशील क्षेत्रों को चिन्हित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अधिकारी खुद इन जगहों का निरीक्षण करें और सफाई व्यवस्था ऐसी दुरुस्त करवाएं ताकि दोबारा उन स्थानों पर पानी जमा न होने पाए।
कर्मचारियों को समय पर मिलेगा वेतन
बैठक में नगर निगम के कर्मचारियों के हित में भी बड़ा फैसला लिया गया। नगरीय प्रशासन सचिव ने कड़े निर्देश दिए हैं कि नगर निगम के सभी नियमित और प्लेसमेंट (ठेका) अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्धारित समय पर हर महीने वेतन का भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
पीएम स्वनिधि और प्रधानमंत्री आवास योजना में आएगी तेजी
जनकल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा करते हुए आर. शंगीता ने पीएम स्वनिधि योजना के तहत राजधानी रायपुर के अधिक से अधिक रेहड़ी-पटरी व्यवसायियों और हितग्राहियों को लाभान्वित करने के लिए काम में तेजी लाने को कहा। इसके साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत नियमों के तहत आवास निर्माण के कार्यों को तेज गति से पूरा करने के निर्देश दिए।
स्वच्छता रैंकिंग सुधारने और नालंदा परिसर पर निर्देश
सचिव ने रायपुर नगर निगम के अधिकारियों को राष्ट्रीय स्वच्छ सर्वेक्षण में शहर की रैंकिंग सुधारने के लिए स्वच्छ भारत मिशन के तहत ‘मेहनत की पराकाष्ठा’ करने को कहा। उन्होंने कहा कि रायपुर की सफाई व्यवस्था राज्य की राजधानी के स्तर की दिखनी चाहिए। इसके लिए:
शत-प्रतिशत क्षेत्रों में प्रभावी तरीके से डोर-टू-डोर कचरा कलेक्शन हो।
कचरा परिवहन की व्यवस्था सुव्यवस्थित हो और इसकी निरंतर मॉनिटरिंग की जाए।
इसके अलावा, प्रसिद्ध नालंदा परिसर की व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी संबंधित क्षेत्र के जोन कमिश्नर को सौंपी गई।
बैठक में ये वरिष्ठ अधिकारी रहे उपस्थित
समीक्षा बैठक के दौरान नगरीय प्रशासन एवं विकास संचालनालय के संचालक आर. एक्का, नगर पालिक निगम रायपुर के आयुक्त संबित मिश्रा, सूडा के मुख्य कार्यपालन अभियंता शशांक पाण्डेय, अपर संचालक एवं रायपुर जिला प्रभारी पुलक भट्टाचार्य उपस्थित रहे।
इनके साथ ही सूडा के अतिरिक्त मुख्य कार्यपालन अधिकारी दुष्यंत कुमार रायस्त, मुख्य अभियंता राजेश शर्मा, संयुक्त संचालक एस. के. सुन्दरानी, नगर निगम रायपुर के अपर आयुक्त लोकेश्वर साहू, पंकज के. शर्मा, विनोद पाण्डेय, कृष्णा खटीक, मुख्य अभियंता संजय बागड़े, अधीक्षण अभियंता राजेश राठौर, इमरान खान सहित उपायुक्त, जोन कमिश्नर, कार्यपालन अभियंता और सभी विभागों के प्रभारी अधिकारी शामिल हुए।