सरगुजा। देश के प्रधानमंत्री द्वारा मन की बात कार्यक्रम में एथलेटिक्स खिलाड़ी अनिमेष कुजूर का नाम लिए जाने के बाद उनके परिवार में खुशी का माहौल है।
छोटे से गांव से निकलकर राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाने वाले अनिमेष की उपलब्धि पर माता-पिता सहित पूरा परिवार गौरवान्वित महसूस कर रहा है।
सरगुजा जिले में पुलिस विभाग में डीएसपी पद पर पदस्थ पिता अमृत कुजूर ने बताया कि बचपन से ही परिवार में खेल के प्रति रुचि रही है। दो भाइयों में सबसे बड़े अनिमेष कुजूर ने छठवीं से 12वीं तक की पढ़ाई अंबिकापुर के सैनिक स्कूल में की।
इसके बाद कोरोना काल में पिता के कांकेर स्थानांतरण के दौरान उन्होंने वहीं रहकर एथलेटिक्स की तैयारी शुरू की।
पिता के अनुसार शुरुआती दौर में अनिमेष ने 100 मीटर, 200 मीटर, 400 मीटर दौड़ के साथ ऊंची और लंबी कूद प्रतियोगिताओं में हिस्सा लिया और गोल्ड मेडल हासिल किए।

इसके बाद उन्हें राज्य स्तरीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता में खेलने का मौका मिला, जहां बेहतर प्रदर्शन के दम पर राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने का अवसर मिला।
नेशनल प्रतियोगिताओं में कदम रखने के बाद अनिमेष ने लगातार अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करते हुए आगे बढ़ना जारी रखा।
वर्तमान में अनिमेष उड़ीसा के भुवनेश्वर में स्थित रिलायंस अकादमी में रहकर अभ्यास कर रहे हैं।
परिवार को उम्मीद है कि आने वाले अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों में वे देश का नाम और ऊंचा करेंगे।
पिता ने कहा कि परिवार में पढ़ाई को हमेशा प्राथमिकता दी जाती थी, इसलिए शुरुआत में खेल को लेकर भविष्य की चिंता भी रहती थी। लेकिन बेटे की मेहनत और लगन ने सारी आशंकाओं को दूर कर दिया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ‘मन की बात’ में अनिमेष की सराहना किए जाने के बाद माता-पिता और पूरे परिवार में खुशी की लहर है।
पिता ने गर्व जताते हुए कहा कि बेटे का नाम देश के प्रधानमंत्री की जुबान पर आना पूरे परिवार के लिए गौरव का क्षण है।
गौरतलब है कि अनिमेष और उनके छोटे भाई अनिकेत कुजूर जशपुर जिले के घुइटाँगर गांव के निवासी हैं।
माता-पिता दोनों छत्तीसगढ़ पुलिस में डीएसपी रैंक के अधिकारी हैं। पिता की पदस्थापना सरगुजा जिले में है, जबकि माता सूरजपुर जिले में अपनी सेवाएं दे रही हैं।
परिवार को पूरा विश्वास है कि अनिमेष आने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स 2028 में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश और प्रदेश का नाम रोशन करेंगे।