भोपाल। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने छिंदवाड़ा में हुए बस हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए पीड़ित परिवारों के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट की हैं। उन्होंने घोषणा की कि कांग्रेस विधायक दल की ओर से पीड़ित परिवार को 50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाएगी। इसके साथ ही उन्होंने प्रदेश में मुआवजे की एक समान नीति (कंपनसेशन पॉलिसी) न होने पर सरकार को घेरा। सिंघार ने कहा कि प्रदेश में पिछले 5 वर्षों में लगभग 65 हजार सड़क दुर्घटनाएं हुई हैं, जिससे मध्य प्रदेश देश में दूसरे स्थान पर है, फिर भी सरकार के पास गरीबों के लिए कोई सुरक्षा नीति नहीं है। उन्होंने मांग की कि सरकार को तत्काल प्रभावितों के लिए 4 लाख रुपये के मुआवजे का प्रावधान करना चाहिए।
गैस सिलेंडर और ईंधन की आपूर्ति को लेकर सिंघार ने सरकार को पूरी तरह विफल बताया। उन्होंने कहा कि उज्ज्वला योजना के तहत 88 लाख कनेक्शन तो दिए गए, लेकिन आज लोगों को गैस नहीं मिल रही है। उन्होंने सवाल उठाया कि यदि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर संकट बना रहता है, तो सरकार के पास जनता को राहत देने की क्या योजना है? उन्होंने आरोप लगाया कि गैस की किल्लत के कारण छोटे दुकानदार और चाय वाले संकट में हैं। एक्साइज ड्यूटी कम करने के मुद्दे पर उन्होंने पूछा कि क्या सरकार पेट्रोल और डीजल के दामों में वास्तविक कमी लाकर जनता को महंगाई से राहत देगी।
धर्मांतरण और जमीन की गाइडलाइन के मुद्दे पर भी नेता प्रतिपक्ष ने अपनी राय रखी। उन्होंने स्पष्ट किया कि संवैधानिक व्यवस्था के अनुसार अपनी मर्जी से धर्म चुनना अधिकार है, लेकिन जबरदस्ती किए जाने वाले धर्मांतरण पर रोक लगनी चाहिए। वहीं, कलेक्टर गाइडलाइन में प्रस्तावित बढ़ोतरी पर उन्होंने कहा कि सरकार एक तरफ भारी कर्ज ले रही है और दूसरी तरफ जनता पर टैक्स का बोझ डाल रही है। उन्होंने कहा कि जनता को सस्ती जमीन मिलना उनका अधिकार है, लेकिन प्रदेश में कुछ भी सस्ता नहीं मिल रहा है।