झारखंड। झारखंड पुलिस ने बिहार के कुख्यात ‘सिंह साहब’ किडनैप गैंग के सात सदस्यों को गिरफ्तार किया है, जिनमें गैंग के सरगना उपेंद्र सिंह, अर्जुन सिंह और गुड्डू सिंह शामिल हैं। यह गिरोह जमशेदपुर के उद्योगपति देवांग गांधी के बेटे 24 वर्षीय कैरव गांधी का अपहरण करने के मामले में संलिप्त था। गिरोह बिहार के गया, नालंदा और औरंगाबाद में सक्रिय था।
13 जनवरी को जमशेदपुर के कैरव गांधी का अपहरण हुआ था, जिसे गिरोह ने फर्जी पुलिस बनकर अंजाम दिया था। अपहरणकर्ताओं ने पुलिस की वर्दी और स्कॉर्पियो गाड़ी में लगे पुलिस स्टिकर का इस्तेमाल कर कैरव को बीच रास्ते से उठा लिया था।
फर्जी पुलिस बनकर अपहरण, फिरौती के लिए विदेशी नंबरों का इस्तेमाल
पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और दिल्ली, पंजाब की तकनीकी एजेंसियों की मदद से इस मामले का सनसनीखेज खुलासा किया। किडनैपर्स ने VOIP तकनीक और विदेशी नंबरों के जरिए कैरव के परिवार से 10 करोड़ रुपये की फिरौती मांगी थी। पुलिस के लिए ट्रैकिंग चुनौतीपूर्ण थी, लेकिन जैसे ही सूचना मिली कि अपहरणकर्ता कैरव को बिहार से झारखंड ला रहे हैं, पुलिस ने चौपारण-बरही बॉर्डर पर घेराबंदी की।
पुलिस की कार्रवाई से अपहरणकर्ताओं में हड़कंप
पुलिस के घेराबंदी के बाद अपराधी घबरा गए और कैरव को सड़क पर धकेल कर भागने लगे। पुलिस ने तीन बदमाशों को मौके से पकड़ा और उनकी निशानदेही पर बिहार के विभिन्न जिलों में छापेमारी की। इस कार्रवाई में सात आरोपियों को गिरफ्तार किया गया और उनके पास से हथियार, कारतूस और दो स्कॉर्पियो गाड़ियों को बरामद किया गया।
यह कार्रवाई पुलिस के लिए एक बड़ी सफलता मानी जा रही है, जो गैंग के आतंक का पर्दाफाश करने में सफल रही।