अहमदाबाद में भगवान जगन्नाथ की विश्व प्रसिद्ध रथयात्रा पूरे उल्लास के साथ शुरू हो गई है। लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ से पूरा शहर भक्तिमय हो गया है। यात्रा के मार्ग में विभिन्न सामाजिक संदेशों को दर्शाती खूबसूरत झांकियां आकर्षण का केंद्र बनी हैं। सुरक्षा को लेकर प्रशासन इस बार बेहद सतर्क है। पिछले साल की अप्रिय घटनाओं से सबक लेते हुए पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था में कई बड़े बदलाव किए हैं।
सुरक्षा को लेकर प्रशासन की विशेष सतर्कता
पिछले साल के अनुभवों को देखते हुए प्रशासन ने अभूतपूर्व कदम उठाए हैं। संवेदनशील खड़िया पोल इलाके में एहतियातन पूरी सड़क को खाली करवा दिया गया था। इसके अलावा, हाथियों की सुरक्षा और भीड़ के नियंत्रण के लिए जंजीरों का उपयोग किया गया है। स्थानीय पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां पूरे रूट की सीसीटीवी और ड्रोन कैमरों से लगातार निगरानी कर रही हैं।
पारंपरिक अनुष्ठान और वीआईपी की उपस्थिति
जमालपुर के ऐतिहासिक जगन्नाथ मंदिर में सुबह 4 बजे मंगला आरती के साथ उत्सव की शुरुआत हुई। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने परिवार के साथ भगवान की विशेष पूजा की। मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और उप मुख्यमंत्री हर्ष संघवी ने ‘पहिंद विधि’ निभाई। इस पारंपरिक रस्म में सोने की झाड़ू से रथ के आगे का रास्ता साफ किया गया। यह विधि राजा द्वारा भगवान के मार्ग की सफाई करने के प्रतीक स्वरूप की जाती है।
पुरी में भी भक्ति का सैलाब
ओडिशा के पुरी में भी भगवान जगन्नाथ, भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा के विशाल रथ सजकर तैयार हैं। लगातार बारिश के बावजूद भक्तों का उत्साह कम नहीं हुआ है। गजपति महाराजा दिव्यसिंह देव वहां की परंपरा के अनुसार सोने की झाड़ू से रथों की सफाई करेंगे। शाम 4 बजे से भगवान अपने भाई-बहनों के साथ 3 किलोमीटर दूर स्थित गुंडिचा मंदिर की ओर प्रस्थान करेंगे।