उर्दू शायरी की दुनिया के चमकते सितारे और संवेदनशील अभिव्यक्ति के अप्रतिम शायर बशीर बद्र के निधन से साहित्य जगत शोक में डूब गया है। युवा कवि और आकाशवाणी रायपुर के कम्पियर दीपक कुमार तिवारी ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त किया है। दीपक तिवारी ने कहा कि बशीर बद्र की शायरी सिर्फ शब्दों का संसार नहीं थी, बल्कि वह इंसानी भावनाओं की धड़कन थी। उनकी ग़ज़लों में प्रेम, अपनापन, विछोह, रिश्तों की नज़ाकत और समय की सच्चाइयाँ और इंसानियत अत्यंत सहजता से अभिव्यक्त होती थीं। यही कारण है कि उनकी रचनाएँ हर वर्ग और हर पीढ़ी के लोगों के दिलों में अपनी खास जगह बनाती रहीं।
उन्होंने कहा कि बशीर बद्र ने उर्दू शायरी को आम जनमानस तक पहुँचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उनके अनेक शेर आज भी लोगों की जुबान पर जीवित हैं और जीवन विभिन्न रंगों को गहराई से महसूस कराते हैं।दीपक कुमार तिवारी ने कहा कि साहित्य और संवेदनाओं की दुनिया में भारत का नाम विश्व में फैलाने के लिए बशीर बद्र का योगदान सदैव अमिट रहेगा। उनका साहित्य आने वाली पीढ़ियों को न सिर्फ भाषा की खूबसूरती से परिचित कराएगा, बल्कि मानवीय संवेदनाओं को समझने की प्रेरणा भी देता रहेगा।
“उजाले अपनी यादों के हमारे साथ रहने दो
न जाने किस गली में ज़िंदगी की शाम हो जाए
शायर बशीर बद्र का जाना साहित्य जगत की अपूरणीय क्षति : दीपक कुमार तिवारी

29
May