रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा आज विधानसभा में वित्तीय वर्ष 2026-27 का बजट पेश किया गया। वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने अपने बजट भाषण में कृषि और शिक्षा क्षेत्र को प्राथमिकता देते हुए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। सरकार ने किसानों और भूमिहीन मजदूरों के कल्याण के साथ-साथ युवाओं के भविष्य को संवारने के लिए बड़े वित्तीय प्रावधान किए हैं।
कृषि क्षेत्र को मजबूती देने के लिए सरकार ने कृषक उन्नति योजना के तहत 10 हजार करोड़ रुपये आवंटित किए हैं। भूमिहीन कृषि मजदूरों की सहायता के लिए 600 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। वित्त मंत्री ने जानकारी दी कि पिछले तीन वर्षों में रिकॉर्ड 437 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की गई है। किसानों को बड़ी राहत देते हुए निशुल्क पंप योजना के लिए 5500 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है। इसके अलावा, फसल विविवधीकरण के तहत पाम ऑयल की खेती को बढ़ावा देने हेतु 150 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।
शिक्षा और युवा विकास के मोर्चे पर भी सरकार ने बड़े कदम उठाए हैं। मुख्यमंत्री शिक्षा सहयोग योजना के माध्यम से अब छात्रों के हॉस्टल का खर्च सरकार वहन करेगी, जिसके लिए 10 करोड़ रुपये निर्धारित हैं। युवाओं को प्रतियोगी परीक्षाओं में मदद देने के लिए तीन अलग-अलग योजनाओं हेतु 33 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है। साथ ही, कौशल विकास के लिए 75 करोड़ रुपये और युवाओं की करियर काउंसलिंग के लिए 10 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं। रायपुर स्थित नालंदा लाइब्रेरी को युवाओं के करियर और उद्यमिता मार्गदर्शन के प्रमुख केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा।