मंगलवार की शाम चारामा क्षेत्र में आए भीषण तूफान और तेज हवाओं ने भारी तबाही मचाई है। लगभग 100 किमी/घंटा की रफ्तार से चली आंधी के कारण क्षेत्र के विद्युत बुनियादी ढांचे को गहरा नुकसान पहुँचा है।
भारी नुकसान और ब्लैकआउट
तेज तूफान की वजह से पूरे चारामा विकासखंड में 26 बिजली के पोल उखड़ गए और कई स्थानों पर तार टूटकर गिर गए। इसके परिणामस्वरूप मंगलवार पूरी रात लगभग सभी गांवों में बिजली बंद रही। हालांकि, रात 3:00 बजे के करीब चारामा मुख्यालय की बिजली बहाल कर दी गई थी, लेकिन ग्रामीण इलाकों में काम जारी रहा।
चुनौतियां और वर्तमान स्थिति
बुधवार सुबह से ही विद्युत विभाग की टीमों ने युद्ध स्तर पर सुधार कार्य शुरू कर दिया है। विभाग को इन मुख्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है:
संसाधनों और स्टाफ की कमी: सीमित कर्मचारियों के बावजूद टीम लगातार फील्ड पर डटी हुई है।
मलबे का दबाव: बड़े-बड़े पेड़ खंभों पर गिरने के कारण लाइनों को भारी क्षति हुई है।
प्रगति: 26 में से कई पोल बुधवार शाम तक खड़े कर दिए गए हैं, शेष पर कार्य प्रगति पर है।
अधिकारी का आश्वासन
विद्युत विभाग के अधिकारी जय गोपाल कंवर ने जानकारी दी कि वर्तमान में दरगहन क्षेत्र के फीडर एरिया में काम बाकी है। उन्होंने भरोसा दिलाया है कि गुरुवार तक सभी पोल खड़े कर विद्युत व्यवस्था पूर्ण रूप से बहाल कर दी जाएगी।
रिपोर्ट: अनूप वर्मा
विद्युत आपूर्ति पर बड़ा संकट: चारामा क्षेत्र में तूफान का तांडव

06
May