कोरिया। जिले के थाना पटना अंतर्गत नौकरी दिलाने के नाम पर बेरोजगारों को अपना शिकार बनाने वाले एक शातिर ठग को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। आरोपी ने कई लोगों को आंगनबाड़ी सुपरवाइजर और शिक्षक पद पर नौकरी दिलाने का झांसा देकर लाखों रुपये ऐंठ लिए थे। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, ग्राम तेंदुआ निवासी आरती पटेल ने थाना पटना में शिकायत दर्ज कराई थी कि टेंगनी निवासी आरोपी संदीप सिंह सारथी ने दिसंबर 2024 में महिला एवं बाल विकास विभाग में आंगनबाड़ी सुपरवाइजर पद पर नौकरी लगवाने का वादा किया था। इसके बदले आरोपी ने उनसे किश्तों में दो लाख 40 हजार रुपये, 44 हजार रुपये और 24 हजार 750 रुपये की ठगी की।
इतना ही नहीं, आरोपी संदीप सिंह ने स्तुति पटेल और प्रियंका कुजूर को भी आत्मानंद विद्यालय में शिक्षक के पद पर नौकरी लगाने का झांसा देकर उनसे प्रति व्यक्ति 1.80-1.80 लाख रुपये की ठगी की। जब काफी समय बीतने के बाद भी किसी को नौकरी नहीं मिली, तो पीड़ितों को ठगी का अहसास हुआ और उन्होंने पुलिस की शरण ली। ठगी के पैसों से खरीदी कार जब्त पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए अपराध क्रमांक 89/2026, धारा 318(4) बीएनएस के तहत केस दर्ज किया। विवेचना के दौरान चौंकाने वाला खुलासा हुआ कि आरोपी ने ठगी की राशि से एक कार (CG 16 CS 0226) खरीदी थी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए 27 मार्च 2026 को उक्त वाहन को जब्त कर लिया, जिसकी ईएमआई आरोपी ठगी के पैसों से भर रहा था। आरोपी भेजा गया जेल पुलिस ने 27 मार्च को आरोपी संदीप सिंह सारथी को गिरफ्तार कर उसके परिजनों को सूचना दी। इसके बाद उसे बैकुंठपुर स्थित माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया गया, जहाँ से न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी के आदेश पर उसे जिला जेल बैकुंठपुर भेज दिया गया है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक रवि कुर्रे एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. सुरेशा चौबे के निर्देशन में तथा एसडीओपी राजेश साहू के पर्यवेक्षण में थाना प्रभारी उपनिरीक्षक प्रमोद पांडे और प्रधान आरक्षक सत्येंद्र तिवारी की टीम द्वारा की गई।