मध्य प्रदेश के सागर जिले में शनिवार तड़के एक दर्दनाक हादसे में चलती कार अचानक आग का गोला बन गई। इस घटना में कार सवार महिला की जिंदा जलकर मौत हो गई, जबकि उनके डॉक्टर पति समय रहते बाहर निकलकर सुरक्षित बच गए। हादसे के बाद मामले को लेकर संदेह गहराता जा रहा है।
यह घटना सानौधा थाना क्षेत्र के टोल नाके के पास हुई। जानकारी के अनुसार, गढ़ाकोटा निवासी डॉ. नीलेश कुर्मी अपनी पत्नी सीमा कुर्मी के साथ सागर जा रहे थे। इसी दौरान चनाटोरिया के पास अचानक कार में आग लग गई। डॉक्टर के मुताबिक, वह किसी तरह कार से बाहर निकलने में सफल रहे, लेकिन उनकी पत्नी बाहर नहीं निकल सकीं और आग में झुलसकर उनकी मौत हो गई।
परिजनों ने जताया संदेह
मृतका के भाई लोकेश पटेल ने घटना पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि यदि यह महज हादसा होता, तो घटनास्थल पर दुर्घटना के स्पष्ट निशान मिलते। उन्होंने आशंका जताई कि उनकी बहन को पहले बेहोश किया गया या उनकी हत्या कर दी गई और बाद में घटना को हादसे का रूप दिया गया।
लोकेश के अनुसार, शनिवार सुबह करीब 4 बजे उन्हें डॉ. नीलेश का फोन आया था, जिसमें बताया गया कि सीमा को सीने में दर्द हो रहा है और उन्हें सागर के एक अस्पताल ले जाया जा रहा है। इसके बाद उन्हें एक्सीडेंट और फिर कार में आग लगने की अलग-अलग जानकारी दी गई, जिससे संदेह और बढ़ गया।
परिजनों ने यह भी आरोप लगाया कि दंपत्ति के बीच पहले से विवाद चल रहा था। उन्होंने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
पुलिस जांच जारी
सानौधा थाना प्रभारी भरत सिंह ठाकुर के अनुसार, कार में आग लगने से महिला की मौत हुई है। मौके पर एफएसएल टीम को बुलाकर साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और हर पहलू से जांच की जा रही है।
फिलहाल, यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि आग तकनीकी कारणों से लगी या इसके पीछे कोई और वजह है। पुलिस की जांच के बाद ही घटना की असल सच्चाई सामने आ सकेगी।