देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा को लेकर एक बहुत बड़ा बदलाव सामने आया है. अगले साल यानी 2027 से देश भर में नीट परीक्षा पूरी तरह से ऑनलाइन माध्यम से कराई जाएगी. अब छात्रों को पेन और पेपर यानी ओएमआर शीट का इस्तेमाल नहीं करना पड़ेगा, बल्कि यह परीक्षा पूरी तरह कंप्यूटर पर ली जाएगी.
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बुधवार को संसद में यह बड़ा ऐलान किया है. सरकार का यह कदम परीक्षाओं में होने वाली गड़बड़ियों को रोकने और पूरी प्रक्रिया को पूरी तरह सुरक्षित तथा पारदर्शी बनाने के लिए उठाया गया है. हालांकि शिक्षा मंत्री ने साफ कर दिया है कि परीक्षा का सिलेबस, कुल अंक और सवालों का पैटर्न पहले जैसा ही रहेगा. परीक्षा में कुल 720 अंकों के सवाल पूछे जाएंगे जिनमें भौतिकी, रसायन और जीव विज्ञान शामिल होंगे.
ऑनलाइन परीक्षा होने के कारण अब छात्रों को कंप्यूटर पर पेपर देने की आदत डालनी होगी. विशेषज्ञों का कहना है कि छात्रों को अपनी रफ्तार और सटीकता बढ़ाने के लिए डिजिटल टेस्ट का अभ्यास शुरू कर देना चाहिए. सरकार का मानना है कि इस नए बदलाव से गड़बड़ियों की गुंजाइश बहुत कम हो जाएगी.
दूसरी तरफ परीक्षाओं में धांधली और पेपर लीक के मामलों को लेकर देश भर में छात्रों का गुस्सा लगातार फूट रहा है. दिल्ली के जंतर-मंतर समेत कई जगहों पर लगातार प्रदर्शन हो रहे हैं. इस मामले पर बोलते हुए शिक्षा मंत्री ने कहा कि इस गड़बड़ी की जांच बहुत गहराई से की जा रही है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी इस पूरे विवाद पर चिंता जताई है. उन्होंने सांसदों के साथ हुई एक बैठक में भरोसा दिलाया है कि देश के युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने वालों को छोड़ा नहीं जाएगा. साथ ही केंद्र और सभी राज्यों से मिलकर एक ऐसी मजबूत व्यवस्था बनाने की अपील की है जिससे भविष्य में कोई भी परीक्षा लीक न हो सके.