रानीगंज। एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने पश्चिम बर्धमान के रानीगंज स्थित पीर बाबा मजार पर चादर चढ़ाकर अपने तीन दिवसीय पश्चिम बंगाल दौरे का आगाज किया। इस दौरान उन्होंने राज्य की सियासत और मुस्लिम समुदाय की स्थिति को लेकर खुलकर अपनी बात रखी। ओवैसी ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी किसी भी दल की बी-टीम नहीं है, बल्कि वह केवल जनता की आवाज उठाने के लिए मैदान में है।
मुस्लिम नेतृत्व पर दिया जोर
मीडिया से चर्चा करते हुए ओवैसी ने कहा कि पश्चिम बंगाल के मुसलमानों के लिए एक मजबूत राजनीतिक नेतृत्व और अपनी स्वतंत्र एजेंसी का होना बेहद जरूरी है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जब तक समुदाय का अपना नेतृत्व नहीं होगा, उन्हें हक और इंसाफ मिलना मुश्किल होगा। ओवैसी के मुताबिक, बिना राजनीतिक प्रतिनिधित्व के समुदाय की समस्याएं कभी भी सही ढंग से सामने नहीं आ पाएंगी।
बी-टीम के आरोपों पर पलटवार
विपक्षी दलों द्वारा अक्सर लगाए जाने वाले बी-टीम के आरोपों पर ओवैसी ने तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि उन्हें कभी भाजपा तो कभी टीएमसी की बी-टीम बताया जाता है, जो पूरी तरह निराधार है। उन्होंने कहा कि एआईएमआईएम अपनी अलग पहचान और सिद्धांतों के साथ चुनाव लड़ रही है और वे खुद उम्मीदवारों के समर्थन में चुनाव प्रचार करेंगे।
महिला आरक्षण पर प्रतिक्रिया
महिला आरक्षण बिल से जुड़े सवाल पर ओवैसी ने संभलकर जवाब दिया। उन्होंने कहा कि उन्होंने अभी तक इस बिल की आधिकारिक कॉपी नहीं देखी है, इसलिए बिना अध्ययन किए इस पर विस्तृत टिप्पणी करना सही नहीं होगा। ओवैसी अपने इस दौरे के दौरान कई इलाकों में जनसभाएं करेंगे और चुनावी रणनीति को धार देंगे। उनके इस दौरे से राज्य के सियासी समीकरणों में हलचल तेज होने की उम्मीद है।