रायपुर : प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में अपनी जांच का दायरा बढ़ाते हुए मशहूर टीवी होस्ट और स्पोर्ट्स एंकर शेफाली बग्गा को शिकंजे में लिया है। ईडी की टीम ने रायपुर स्थित क्षेत्रीय कार्यालय में शेफाली बग्गा को तलब कर लंबी पूछताछ की। जांच एजेंसी को अंदेशा है कि शेफाली के तार इस पूरे सिंडिकेट के एक बेहद रसूखदार आरोपी के साथ जुड़े हुए हैं।
हवाला ऑपरेटर खंजन ठक्कर से कनेक्शन का संदेह केंद्रीय जांच एजेंसी के मुताबिक, इस मामले का मुख्य आरोपी खंजन जगदीश कुमार ठक्कर, महादेव ऑनलाइन बुक नेटवर्क का सबसे बड़ा हवाला ऑपरेटर माना जाता है। ईडी का दावा है कि खंजन भारत में इस सट्टेबाजी नेटवर्क के पूरे वित्तीय लेन-देन और हवाला कारोबार को संभाल रहा था। एजेंसी को शक है कि शेफाली बग्गा दुबई और लंदन जैसे विदेशी शहरों से संचालित होने वाले इस अवैध सट्टेबाजी सिंडिकेट के प्रचार-प्रसार में शामिल रही हैं।
सट्टेबाजी की टिप्स देने का भी आरोप जांच के दौरान ईडी के हाथ कई ऐसे ठोस डिजिटल सबूत और प्रमोशनल पेज लगे हैं, जो शेफाली बग्गा की मुश्किलों को बढ़ा सकते हैं। इन दस्तावेजों के अनुसार, वह न केवल इस सट्टेबाजी ऐप का प्रमोशन कर रही थीं, बल्कि यूजर्स को दांव लगाने और जीतने के लिए खास टिप्स भी दे रही थीं।
टेलीग्राम चैनल भी रडार पर ईडी की जांच टीम की नजर अब शेफाली बग्गा के पर्सनल टेलीग्राम चैनल पर भी है। आरोप है कि इस चैनल का इस्तेमाल गैर-कानूनी सट्टेबाजी को बढ़ावा देने, विज्ञापन करने और सटोरियों को सीक्रेट टिप्स शेयर करने के लिए किया जा रहा था। ईडी फिलहाल इन सभी कड़ियों को जोड़कर मामले की गहराई से तफ्तीश कर रही है, और पूछताछ में मिले इनपुट्स के आधार पर जल्द ही अगली बड़ी कार्रवाई की जा सकती है।