डोंगरगढ़ । डोंगरगढ़-खैरागढ़ के रानीगंज वन क्षेत्र में शुक्रवार को एक तेंदुआ मृत पाया गया। वन विभाग ने पोस्टमार्टम कर मौत को प्राकृतिक बताया और दाह संस्कार की कार्रवाई पूरी की, लेकिन लगातार इसी इलाके में तेंदुओं की मौत ने विभाग की निगरानी पर संदेह बढ़ा दिया है।


डीएफओ आयुष जैन ने कहा कि तेंदुए को इंटरनल इंज्यूरी थी और यह प्राकृतिक कारणों से मरा। हालांकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और कार्रवाई की विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई, जिससे स्थानीय लोग और वन्यजीव प्रेमी असंतुष्ट हैं।
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट पहले ही वन्यजीवों की संदिग्ध मौतों पर संज्ञान ले चुका है और पारदर्शी जांच के निर्देश दे चुका है। वन्यजीव संरक्षण कार्यों में गश्त, निगरानी और इंटेलिजेंस तंत्र की कमजोरियों ने यह साफ कर दिया है कि विभाग अभी भी ठोस कार्रवाई नहीं कर रहा।