पटना.
बिहार में नई सरकार के गठन के बाद मंत्रियों के बीच विभागों का बंटवारा कर दिया गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कई महत्वपूर्ण विभाग अपने पास रखते हुए प्रशासनिक नियंत्रण मजबूत किया है। उनके पास सामान्य प्रशासन, गृह, मंत्रिमंडल सचिवालय, निगरानी, निर्वाचन, सिविल विमानन समेत वे सभी विभाग रहेंगे, जो किसी अन्य मंत्री को आवंटित नहीं किए गए हैं। इस फैसले के साथ ही सरकार ने प्रशासनिक कामकाज को तेज करने के संकेत दिए हैं।
डिप्टी सीएम विजय कुमार चौधरी को जल संसाधन और संसदीय कार्य विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं दूसरे डिप्टी सीएम बिजेन्द्र प्रसाद यादव को वित्त और वाणिज्य कर जैसे अहम विभाग सौंपे गए हैं, जो राज्य की आर्थिक नीतियों और राजस्व प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
मंत्रिमंडल में अन्य नेताओं को भी प्रमुख विभाग दिए गए हैं। श्रवण कुमार को ग्रामीण विकास और सूचना जनसंपर्क विभाग की जिम्मेदारी मिली है, जिससे गांवों के विकास और सरकारी योजनाओं के प्रचार-प्रसार पर फोकस रहेगा। विजय कुमार सिन्हा को कृषि विभाग सौंपा गया है, जो राज्य की अर्थव्यवस्था का आधार माना जाता है।
इसके अलावा डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल को राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग दिया गया है, जबकि निशान्त कुमार को स्वास्थ्य विभाग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इन विभागों का सीधा संबंध आम जनता की बुनियादी जरूरतों से है, जिससे सरकार की प्राथमिकताएं साफ दिखाई देती हैं।
सरकार द्वारा विभागों का यह बंटवारा प्रशासनिक स्पष्टता और जवाबदेही तय करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। इससे नीतिगत फैसलों में तेजी आने और योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन की उम्मीद जताई जा रही है।
