चरामा: अनूप वर्मा
छत्तीसगढ़ माध्यमिक शिक्षा मंडल द्वारा बुधवार को घोषित 10वीं और 12वीं के परीक्षा परिणामों में चरामा क्षेत्र का नाम पूरे प्रदेश में गूंज उठा है। क्षेत्र की दो होनहार बेटियों ने राज्य की प्रावीण्य सूची (Top 10) में स्थान बनाकर यह साबित कर दिया कि चरामा की माटी में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है।
पसीना बहा रहे थे माता-पिता, घर लौटने पर मिली बेटी की सफलता की खबर
सफलता की सबसे मार्मिक तस्वीर शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल लखनपुरी की छात्रा महेश्वरी कोराम पिता: छवि सिंह कोराम के घर से सामने आई है। महेश्वरी ने 12वीं की परीक्षा में 500 में से 482 अंक (96.40%) प्राप्त कर पूरे प्रदेश में 10वां स्थान हासिल किया है।
हैरानी और भावुक कर देने वाली बात यह है कि जब परिणाम घोषित हुए, तब महेश्वरी के माता-पिता घर से दूर मजदूरी करने गए हुए थे। साधन और मोबाइल फोन के अभाव के कारण उन्हें अपनी बेटी की इस ऐतिहासिक उपलब्धि की जानकारी समाचार लिखे जाने तक भी नहीं थी। शाम को जब वे काम से घर लौटे, तब उन्हें पता चला कि उनकी लाडली ने पूरे छत्तीसगढ़ में नाम रोशन किया है। गरीबी से लड़कर महेश्वरी ने साबित कर दिया कि पढ़ाई पैसे की मोहताज नहीं होती। अब महेश्वरी प्रशासनिक सेवा में जाकर अधिकारी बनने का सपना देख रही हैं और उन्होंने इसकी तैयारी भी शुरू कर दी है।
10वीं में ईशा दुर्गासी अव्वल, अब गणित लेकर छुएंगी आसमान
वहीं, डिज्नी पब्लिक स्कूल चारामा की कक्षा 10वीं की छात्रा इशा दुर्गासी ने 97.33% अंकों के साथ प्रदेश के टॉप-10 में अपना स्थान दर्ज कराया है। ईशा के पिता शेखर दुर्गासी क्षेत्र के जाने-माने संगीतकार और कृषक हैं, वहीं उनकी माता लक्ष्मी दुर्गासी शिक्षा विभाग में शिक्षिका के पद पर कार्यरत हैं। ईशा ने अपनी इस सफलता के बाद स्पष्ट किया है कि वह आगे की पढ़ाई गणित विषय (Mathematics) के साथ जारी रखेंगी।
चरामा में हर्ष का माहौल
इन दोनों बेटियों की ऐतिहासिक सफलता पर चरामा और लखनपुरी क्षेत्र में खुशी की लहर है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों का कहना है कि विपरीत परिस्थितियों में महेश्वरी का संघर्ष और ईशा की निरंतर मेहनत क्षेत्र के अन्य विद्यार्थियों के लिए एक नई मिसाल पेश करेगी।