बड़े गोबरा आश्रम में छात्र की मौत पर कांग्रेस का बड़ा खुलासा — लापरवाही उजागर, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग
गरियाबंद:– बड़े गोबरा (मैनपुर) स्थित आदिवासी बालक आश्रम में अध्ययनरत छात्र की दुखद मृत्यु ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया है। इस गंभीर घटना को संज्ञान में लेते हुए जिला कांग्रेस कमेटी गरियाबंद द्वारा गठित जांच कमेटी ने स्थल निरीक्षण कर जो तथ्य सामने लाए हैं, वे अत्यंत चिंताजनक और शासन-प्रशासन की घोर लापरवाही को उजागर करने वाले हैं।
जांच में स्पष्ट हुआ कि आश्रम में बच्चों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध नहीं है। करोड़ों रुपए के बजट के बावजूद न तो RO मशीन की व्यवस्था है और न ही पर्याप्त जल शुद्धिकरण सुविधा। भवन जर्जर अवस्था में है, बरसात में छत से पानी टपकता है। बच्चों को दिए जाने वाले चादर, कंबल एवं गद्दे निम्न स्तर के पाए गए।
स्वास्थ्य व्यवस्था भी सवालों के घेरे में है। नियमित स्वास्थ्य परीक्षण नहीं हो रहा है। चिरायु दल की रिपोर्ट में लगातार खुजली एवं दूषित पानी की समस्या का उल्लेख होने के बावजूद सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए।

इस पूरे मामले में जिला कांग्रेस कमेटी गरियाबंद के अध्यक्ष सुखचंद बेसरा ने सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि — “आदिवासी विकास के नाम पर करोड़ों खर्च किए जा रहे हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर आदिवासी बच्चों को मूलभूत सुविधाएं तक नसीब नहीं हो रही हैं। यह केवल लापरवाही नहीं, बल्कि आदिवासी समाज के साथ अन्याय है। दोषियों पर कठोर कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस पार्टी सड़कों पर उतरने से पीछे नहीं हटेगी।”
आश्रम में पदस्थ अधीक्षक की भूमिका भी संदिग्ध पाई गई है। नियमानुसार 24 घंटे की जिम्मेदारी होने के बावजूद उनकी उपस्थिति सीमित समय तक ही रही।
जिलाध्यक्ष सुखचंद बेसरा के नेतृत्व में जांच प्रतिवेदन सहित अपर कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा गया और मांग की गई कि मामले की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाए तथा आश्रम की सभी व्यवस्थाएं तत्काल दुरुस्त की जाएं।
ज्ञापन सौंपने वालों में संजय नेताम (जिला पंचायत सदस्य), रामकृष्ण ध्रुव (अध्यक्ष, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी मैनपुर), गेंदू यादव (महामंत्री, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी मैनपुर) एवं छगन यादव (वरिष्ठ पार्षद, नगर पालिका गरियाबंद) शामिल थे।
कांग्रेस पार्टी ने स्पष्ट किया है कि आदिवासी विद्यार्थियों के सम्मान और अधिकारों की रक्षा के लिए यह लड़ाई अंतिम निर्णय तक जारी रहेगी।