रायपुर। राजधानी के अंबेडकर चौक पर 12वीं बोर्ड परीक्षा का हिंदी पर्चा लीक होने के विरोध में छात्रों ने जोरदार प्रदर्शन किया। दिल्ली में केंद्रीय शिक्षा मंत्री के पद छोड़ने के घटनाक्रम के बाद अब इसकी आंच छत्तीसगढ़ तक पहुंच गई है। नाराज विद्यार्थियों ने प्रदेश के स्कूल शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव के इस्तीफे की मांग करते हुए सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। इस छात्र आंदोलन को एनएसयूआई का भी पूरा समर्थन मिला है।
प्रदर्शनकारी छात्रों का कहना है कि लगातार हो रही पेपर लीक की घटनाओं से परीक्षा व्यवस्था की साख खत्म हो रही है, जिससे सालों तक मेहनत करने वाले लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटक गया है। छात्रों ने साफ किया कि सिर्फ जांच का दिलासा देने से काम नहीं चलेगा, बल्कि इस पूरे फर्जीवाड़े में शामिल दोषियों की तत्काल गिरफ्तारी और उन पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। इसके साथ ही भविष्य में ऐसी धांधली रोकने के लिए कड़े कानून और पारदर्शी परीक्षा प्रणाली की मांग की गई।
आंदोलन के दौरान छात्रों और एनएसयूआई कार्यकर्ताओं ने री-नीट मामले से परेशान होकर आत्मघाती कदम उठाने वाली छात्रा हरिका राव के परिवार के लिए न्याय और उचित मुआवजे की आवाज भी उठाई। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने उनकी मांगों पर जल्द कोई ठोस फैसला नहीं लिया, तो इस विरोध-प्रदर्शन को पूरे प्रदेश में बड़े पैमाने पर विस्तारित किया जाएगा।