नोएडा के ममूरा गांव से एक बेहद दर्दनाक और रोंगटे खड़े कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक बहुमंजिला इमारत में अचानक भीषण आग लग गई। जिस समय यह हादसा हुआ उस वक्त इमारत के अंदर 48 परिवारों के तमाम लोग मौजूद थे। वे सभी आग और धुएं के बीच वहीं फंस गए। घटना की जानकारी मिलते ही दमकल विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर एक बहुत बड़ा रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। इस पूरे हादसे में 2 लोगों की जान जाने की दुखद खबर भी सामने आई है।
शुरुआती जांच के अनुसार यह पूरी घटना फेज-3 थाना क्षेत्र के ममूरा इलाके की है। यहां एक मकान के निचले हिस्से में खड़ी एक गाड़ी से अचानक चिंगारी निकली। देखते ही देखते इस स्पार्किंग ने बड़ा रूप ले लिया और पूरी इमारत से काले धुएं का भारी गुबार उठने लगा। सीढ़ियों और आने-जाने वाले रास्तों में धुआं भरने की वजह से लोग समय पर बाहर नहीं निकल सके और अंदर ही फंस गए। इस भयंकर मंजर को देखकर आसपास के लोगों में हड़कंप मच गया। इस बड़े हादसे के बाद से residential building fire safety regulations को लेकर एक बार फिर गंभीर चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
ग्राउंड फ्लोर पर चार्ज हो रही गाड़ी से शुरू हुई थी तबाही की कहानी
नोएडा पुलिस के अधिकारियों ने बताया कि इस 4 मंजिला इमारत के ग्राउंड फ्लोर यानी पार्किंग वाले हिस्से में एक बिजली से चलने वाली दोपहिया गाड़ी की बैटरी को चार्ज किया जा रहा था। इसी दौरान उसमें अचानक तेज शॉर्ट सर्किट हुआ। इस वजह से वहां पास में ही खड़े पेट्रोल से चलने वाले अन्य वाहन भी तुरंत आग की चपेट में आ गए।
मामले की गंभीरता को देखते हुए दमकल विभाग की 7 गाड़ियां, एक बड़ी हाइड्रोलिक क्रेन, मुख्य अग्निशमन अधिकारी और स्थानीय पुलिस की टीम तुरंत मौके पर पहुंच गई। दमकल कर्मियों ने बिना वक्त गंवाए लोहे की सीढ़ियों की मदद से खिड़कियों के रास्ते घर के भीतर फंसे लोगों को सुरक्षित बाहर निकालना शुरू किया।
धुएं के कारण दम घुटने से 2 लोगों की मौत, मकान मालिक हुआ गिरफ्तार
बचाव दल ने सूझबूझ दिखाते हुए इमारत में फंसे सभी 50 परिवारों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। हालांकि आग के भयंकर धुएं के कारण 2 लोगों की हालत बहुत ज्यादा बिगड़ गई थी। उन्हें बिना देरी किए पास के जिला अस्पताल ले जाया गया। अस्पताल में डॉक्टरों ने जांच के बाद 1 महिला और 1 पुरुष को मृत घोषित कर दिया।
दमकल विभाग की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह से काबू पा लिया गया है। पुलिस ने इस लापरवाही के मामले में सख्त कदम उठाते हुए मकान मालिक और लीज पर जगह देने वाले व्यक्ति को तुरंत गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि क्या इमारत में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम थे या नहीं।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने खुद लिया संज्ञान, दिए कड़े निर्देश
इस दर्दनाक हादसे की खबर मिलते ही उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने स्थिति का तुरंत संज्ञान लिया। उन्होंने जिले के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों को तुरंत घटनास्थल पर पहुंचने के कड़े निर्देश जारी किए।
मुख्यमंत्री ने आदेश दिया है कि राहत और बचाव कार्य में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं होनी चाहिए। इसके साथ ही अस्पताल में भर्ती घायलों को सही समय पर और बेहतर इलाज मुहैया कराया जाए। मुख्यमंत्री ने पूरे प्रशासन को हर स्तर पर मुस्तैद रहने और इस रेस्क्यू ऑपरेशन की लगातार निगरानी करने के लिए भी कहा है।