जम्मू-कश्मीर में इस समय हर तरफ बम-बम भोले के जयकारे गूंज रहे हैं। श्री अमरनाथ यात्रा की औपचारिक शुरुआत हो चुकी है। जम्मू और कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने जम्मू से तीर्थयात्रियों के पहले जत्थे को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। देशभर से आए शिवभक्तों का उत्साह देखने लायक है। जम्मू, श्रीनगर, बालटाल और पहलगाम के आधार शिविरों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी है। शुक्रवार सुबह सभी श्रद्धालु बाबा बर्फानी की पवित्र गुफा की ओर आगे बढ़ेंगे। 57 दिन चलने वाली यह पावन यात्रा अब पूरी तरह से शुरू हो गई है।

प्रशासन ने जांची व्यवस्था, सुरक्षा के कड़े इंतजाम
जम्मू के भगवती नगर में बने यात्री निवास आधार शिविर में प्रशासन ने अपनी सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा और मुख्य सचिव अटल डुल्लू ने खुद वरिष्ठ अधिकारियों के साथ इस शिविर का दौरा किया। उन्होंने वहां सुरक्षा, रजिस्ट्रेशन, इलाज, लंगर, पीने का पानी, सफाई और गाड़ियों के आने-जाने की व्यवस्थाओं को बारीकी से देखा। उपराज्यपाल ने वहां रुके भक्तों से बातचीत भी की और उनका हालचाल जाना। शाम तक पांच हजार से अधिक श्रद्धालु इस मुख्य शिविर में पहुंच चुके थे। अगर मौसम ने साथ दिया तो इस साल भक्तों की संख्या का नया रिकॉर्ड बन सकता है।
जत्था निकलने के समय आम गाड़ियों के रूट में बदलाव
श्रद्धालुओं की सुरक्षा और उनकी यात्रा को आसान बनाने के लिए खास इंतजाम किए गए हैं। जब भी यात्रियों का जत्था मुख्य हाईवे से गुजरेगा, तब उससे जुड़ने वाले कई रास्तों पर आम गाड़ियों की आवाजाही को कुछ समय के लिए रोका जाएगा। ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि भक्तों का काफिला बिना किसी रुकावट के सुरक्षित आगे बढ़ सके।
बालटाल और पहलगाम पहुंचे हजारों श्रद्धालु
इससे पहले, जम्मू-कश्मीर के एंट्री पॉइंट लखनपुर में सभी श्रद्धालुओं का जोरदार स्वागत किया गया। इसके बाद उन्हें जम्मू के लिए रवाना किया गया। कश्मीर के श्रीनगर में बने पंथाचौक शिविर के अलावा बालटाल और पहलगाम में भी रौनक बढ़ गई है। इन दोनों मुख्य रास्तों के शिविरों में करीब पांच-पांच हजार श्रद्धालु बाबा के दर्शन के लिए पहुंच चुके हैं और उनमें भारी उत्साह है।