छत्तीसगढ़ में बिजली की नई दरों को लेकर सियासत पूरी तरह गरमा गई है। कांग्रेस द्वारा किए जा रहे विरोध प्रदर्शन पर भारतीय जनता पार्टी ने कड़ा रुख अपनाया है। भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता नलिनीश ठोकने ने कांग्रेस के इस प्रदर्शन को महज एक राजनैतिक नौटंकी करार दिया है। उन्होंने कहा कि पिछले पांच सालों में बिजली बिल हाफ करने का झूठा वादा देकर जनता को ठगने वाली कांग्रेस आज घड़ियाली आंसू बहा रही है।

गरीबों और किसानों पर नहीं पड़ेगा कोई अतिरिक्त बोझ
भाजपा प्रवक्ता ने साफ किया कि राज्य सरकार गरीबों और किसानों के हितों की रक्षा के लिए पूरी तरह मुस्तैद है। छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत नियामक आयोग, जो कि बिजली दरें तय करने वाली एक स्वतंत्र संस्था है, उसके नए टैरिफ संशोधन से आम जनता पर कोई खास असर नहीं होने वाला है। प्रदेश के कुल 51 लाख घरेलू उपभोक्ताओं में से करीब 41 लाख परिवारों पर इसका असर न के बराबर यानी शून्य से तीन फीसदी के आसपास ही रहेगा। सबसे बड़ी राहत किसानों को मिली है, क्योंकि बिजली दरों में बदलाव का एक पैसा भी किसानों की जेब पर नहीं पड़ेगा। इसका पूरा खर्च राज्य सरकार खुद उठाएगी।
मुख्यमंत्री ऊर्जा राहत योजना से मिलती रहेगी छूट
नलिनीश ठोकने ने बताया कि नई दरों के बाद भी गरीब और मध्यम वर्ग को सस्ती बिजली मिलती रहेगी। सरकार की मुख्यमंत्री ऊर्जा राहत योजना के तहत उपभोक्ताओं को सब्सिडी यानी आर्थिक मदद जारी रहेगी। प्रदेश के 14.5 लाख बीपीएल कार्ड धारकों को हर महीने 30 यूनिट बिजली बिल्कुल मुफ्त दी जा रही है। इसी तरह 400 यूनिट तक बिजली खर्च करने वाले 26.5 लाख परिवारों को 200 यूनिट तक 50 प्रतिशत की भारी छूट पहले की तरह ही मिलती रहेगी। दरों में जो मामूली बढ़ोतरी दिख रही है, उसका बड़ा हिस्सा सरकार अपनी योजनाओं के जरिए संभाल लेगी।
कांग्रेस को बिजली के मुद्दे पर बोलने का कोई हक नहीं
भाजपा ने पूर्ववर्ती भूपेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस को बिजली संकट पर बात करने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। अपने शासनकाल में कांग्रेस ने जनता को सिर्फ परेशान किया। सुरक्षा निधि के नाम पर अतिरिक्त वसूली की गई और अघोषित बिजली कटौती से पूरे प्रदेश को परेशान किया गया। उस समय न तो किसानों की सुध ली गई और न ही आम जनता को कोई बड़ी राहत मिली। भाजपा प्रवक्ता ने कहा कि आज की सरकार जनहित में फैसले ले रही है और प्रदेश की जनता कांग्रेस के इस दोहरे चरित्र को अच्छी तरह समझती है।