बालोद।
छत्तीसगढ़ के बालोद जिले में भीषण गर्मी और पानी की किल्लत का असर अब वन्यजीवों पर साफ दिखने लगा है। जिले के जगतरा गांव में एक तेंदुआ भोजन और पानी की तलाश में बस्ती तक पहुंच गया और रात के अंधेरे में एक गहरे कुएं में गिर गया। करीब 4 साल की उम्र का यह तेंदुआ कुएं के भीतर लगे मोटर पाइप के सहारे अपनी जान बचाने के लिए लटका हुआ है। शुक्रवार सुबह जब ग्रामीण कुएं पर पानी भरने पहुंचे, तो अंदर तेंदुए को देख उनके होश उड़ गए।
इस घटना की जानकारी मिलते ही पूरे गांव में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में लोग कुएं के पास जमा हो गए। ग्रामीणों ने तत्काल इसकी सूचना वन विभाग और स्थानीय पुलिस को दी। सूचना मिलते ही बालोद वन विभाग की टीम रेस्क्यू किट के साथ मौके पर पहुंच गई है। पुलिस की टीम भी भीड़ को नियंत्रित करने और किसी भी अप्रिय स्थिति को रोकने के लिए तैनात है। तेंदुआ फिलहाल पाइप के सहारे सुरक्षित है, लेकिन लंबे समय तक पानी में रहने और दहशत के कारण उसकी स्थिति संवेदनशील बनी हुई है।
वन विभाग के विशेषज्ञों द्वारा तेंदुए को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए जाल और पिंजरे का उपयोग करने की तैयारी की जा रही है। रेस्क्यू टीम इस बात का ध्यान रख रही है कि बाहर निकलते समय तेंदुआ आक्रामक होकर ग्रामीणों पर हमला न कर दे। भीषण गर्मी के कारण जंगली जानवर लगातार रिहायशी इलाकों का रुख कर रहे हैं, जिससे मानव-वन्यजीव द्वंद्व की घटनाएं बढ़ रही हैं। वन विभाग ने ग्रामीणों को कुएं से दूर रहने और शांति बनाए रखने की सलाह दी है ताकि रेस्क्यू ऑपरेशन को बिना किसी बाधा के पूरा किया जा सके।