गवाहों के बयान पलटने के बावजूद मिली सजा
दिलीप गुप्ता
सरायपाली= थाना सरायपाली द्वारा सन 2023 मे 31किलो गांजा के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था । मामला न्यायालय में दिया गया । कार्यवाही के समय तीन गवाहों ने न्यायालय में पुलिस को दिए गए बयान से मुकर गए किंतु इसके बावजूद पुलिस द्वारा तथ्यात्मक प्रकरण के चलते न्यायालय में प्रकरण को सही मानते हुवे दोनों आरोपियों को 15-15 वर्षों का सश्रम कारावास के साथ ही ढेड़ ढेड़ लाख रुपए का जुर्माना भी लगाया गया ।
इस संबंध में एनपीडीएस के विशेष लोक अभियोजक देवेंद्र शर्मा ने जानकारी देते हुवे बताया कि सरायपाली स्थित विशेष न्यायालय NPDS के विशेष न्यायाधीश श्रीमती वंदना दीपक देवागंन के द्वारा गांजा तस्करों कठोर दण्ड से दण्डित करते हुए 31 किलो गांजा परिवहन के आरोप में 15-15 वर्ष का सश्रम कारावास एवं ढेड ढेड लाख रू. के अर्थदण्ड की सजा दो आरोपी अभय पटेल एवं कमल कुमार शुक्ला को दी गई।
घटना दिनांक 27/07/2023 की है, बैतारी चौक मुख्य मार्ग में आरोपी जो कि अपना यामहा मोटर सायकल से आ रहे थे, जिन्हें रोककर पुछताछ करने पर अपना नाम अभय पटेल निवासी धोपी थाना मनगांव जिला रीवा म.प्र. एवं कमल कुमार शुक्ला निवासी कहरा थाना मनगांव जिला रीवा म.प्र. बताया, मोटर सायकल में दोनो के बीच में रखे कपडे के बैग की तलाशी में 31 किलो गांजा दोनो के संयुक्त कब्जे से बरामद हुआ। थाना सरायपाली द्वारा अपराध कमांक 186/2023 पंजीबध्द कर आरोपीयों को जेल भेजकर अभियोग पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किया गया। विचारण के दौरान स्वतंत्र साक्षी मनोज यादव, केशव चौहान एवं संतोष अग्रवाल द्वारा अभियोजन का समर्थन नहीं किया, वे पक्ष द्रोही हो गये परन्तु पुलिस स्टॉफ आरक्षक मानवेन्द्र कुमार ढीढी, सैनिक संजिव यादव, आरक्षक योगेन्द्र कुमार बंजारे, आरक्षक राकेश साहू, प्रधान आरक्षक राधाचरण प्रधान, आरक्षक विरेन्द्र सिंह ठाकुर एवं विवेचक सहायक उप निरीक्षक बलराम साहू के सटिक एवं अखण्डित साक्ष्य से अभियोजन अपने मामले को सिध्द करने में सफल रहा। अभियोजन द्वारा दण्ड के प्रश्न पर कथन किया गया कि देश में युवा वर्ग नशे की लत से ग्रसित है, जिस कारण समाज और परिवार गंभीर रूप से प्रभावित हो रहे है, उक्त तथ्य को न्यायालय द्वारा गंभीरता से लिया गया। दुसरी और महासमुंद जिला में एन्टी नारकोटिक टास्क फोर्स के द्वारा नशे के तस्करों को कड़ी से कड़ी सजा देने और अवैध मादक पदार्थ की तस्करी को रोकने विशेष योजना के परिणाम स्वरूप अपराधीयों को पकडने एवं उन्हें कड़ी से कडी सजा देने सफल रहा है।