कानपुर। मोबाइल रिचार्ज कराने के बहाने एक दुकानदार ने रिटायर्ड अधिकारी का सिम बदलकर उनके बैंक खाते से 42 लाख रुपये निकाल लिए। मामला सामने आने के बाद साइबर पुलिस ने आरोपी दुकानदार को गिरफ्तार कर लिया है।
जानकारी के मुताबिक, कानपुर के बेगमगंज निवासी रिटायर्ड होम्योपैथिक अधिकारी अशफाक अहमद अपनी पेंशन और फंड की रकम बैंक खाते में सुरक्षित रखे थे। वे अक्सर यतीमखाना चौराहे पर मोहम्मद इस्लाम की दुकान ‘इंसा टेलकॉम’ से मोबाइल रिचार्ज कराते थे।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी मोहम्मद इस्लाम ने अशफाक अहमद को यह कहकर बहकाया कि उनका पुराना सिम खराब है। इसके बाद उसने नया सिम जारी कर उनके मोबाइल नंबर को अपने फोन पर एक्टिवेट कर लिया। इसी नंबर से ओटीपी वेरिफिकेशन का इस्तेमाल कर आरोपी ने ऑनलाइन बैंकिंग के जरिए लाखों रुपये ट्रांसफर कर लिए।
शिकायत पर खुला राज
जब खाते से रकम गायब होने का पता चला, तो अशफाक अहमद ने 20 अगस्त को साइबर पुलिस में शिकायत दर्ज कराई। जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी ने ठगी की रकम में से 20 लाख रुपये अपने दोस्त के खाते में ट्रांसफर किए, जिसका संचालन भी वह खुद करता था। बाकी पैसे से उसने शेयर खरीदे और क्रेडिट कार्ड का कर्ज चुकाया।
फिलहाल, पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और उसके दोस्त के खाते में जमा 20 लाख रुपये सील कर दिए गए हैं।