अम्बिकापुर, सरगुजा: छत्तीसगढ़ की विष्णु देव साय सरकार ने प्रदेश के किसानों के हित में एक बड़ा और संवेदनशील फैसला लिया है। समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले किसानों को 3100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से अंतर राशि का भुगतान होली पर्व से पहले एकमुश्त करने का निर्णय लिया गया है। मंत्रिपरिषद की इस घोषणा के बाद से ही ग्रामीण इलाकों और किसानों के बीच भारी उत्साह और हर्ष का माहौल है।
किसानों को मिलेगी बड़ी आर्थिक राहत मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के इस निर्णय का स्वागत करते हुए लखनपुर विकासखंड के ग्राम कोसंगा के किसान पहरूराम ने अपनी खुशी जाहिर की। पहरूराम ने बताया कि इस वर्ष उन्होंने लगभग 72 क्विंटल धान समर्थन मूल्य पर बेचा है, जिसकी मूल राशि उन्हें पहले ही प्राप्त हो चुकी है। अब अंतर की राशि होली से पहले मिलने की खबर ने उनके त्यौहार की खुशी को दोगुना कर दिया है। उन्होंने कहा कि होली के ठीक बाद शादियों का सीजन शुरू हो जाएगा, ऐसे में यह एकमुश्त राशि पारिवारिक जरूरतों और सामाजिक दायित्वों को पूरा करने में बहुत मददगार साबित होगी। पहरूराम ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार जताते हुए इसे किसानों के हक में एक सराहनीय कदम बताया।
जिले के 52 हजार से अधिक किसानों को मिलेगा लाभ खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के अंतर्गत, जिले के कुल 52,553 किसानों ने समर्थन मूल्य पर अपना धान विक्रय किया है। इन सभी किसानों के बैंक खातों में अब अंतर की राशि सीधे और एकमुश्त जमा की जाएगी। इस निर्णय से न केवल किसानों के चेहरों पर रौनक आई है, बल्कि उनकी मेहनत की पूरी कीमत मिलने का भरोसा भी जागा है।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मिलेगी मजबूती राज्य सरकार के इस कदम से अन्नदाताओं के जीवन स्तर में सुधार की उम्मीद है। होली जैसे बड़े त्यौहार से पहले बड़ी राशि का भुगतान होने से किसानों की क्रय शक्ति बढ़ेगी, जिससे स्थानीय बाजारों में व्यापार बढ़ेगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई मजबूती मिलेगी। मुख्यमंत्री का यह निर्णय स्पष्ट रूप से दर्शाता है कि सरकार किसानों की खुशहाली को प्राथमिकता दे रही है।