बैकुंण्ठपुर,कोरिया। कोरिया के सर्वांगीण विकास के लिए क्षेत्र के प्रबुद्ध नागरिक और सर्व समाज के प्रमुख एकजुट हो गए हैं। हाल ही में आयोजित ‘कोरिया उत्सव’ के अवसर पर सर्व समाज प्रमुखों ने मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपते हुए जिले के पुनरुद्धार और विकास के लिए चार महत्वपूर्ण मांगें रखी हैं। समाज प्रमुखों का तर्क है कि नवीन जिलों एमसीबी के गठन के बाद कोरिया जिला भौगोलिक रूप से छोटा हो गया है। जिले की प्रासंगिकता और विकास की गति को बनाए रखने के लिए अब यहां बड़े प्रशासनिक और शैक्षणिक संस्थानों की आवश्यकता है।
चार प्रमुख मांग हैं
- कोरिया को बनाया जाए ‘संभाग’: सर्व समाज की सबसे प्रमुख मांग कोरिया जिले को ‘संभाग’ घोषित करने की है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्रशासनिक दृष्टिकोण से कोरिया को संभाग का दर्जा मिलने से क्षेत्र में विकास के नए द्वार खुलेंगे और सरकारी योजनाओं का क्रियान्वयन अधिक सुचारू रूप से हो सकेगा।
- मेडिकल कॉलेज की स्थापना: जिले में स्वास्थ्य सुविधाओं को बेहतर बनाने और स्थानीय युवाओं को चिकित्सा शिक्षा प्रदान करने के लिए एक सरकारी मेडिकल कॉलेज की मांग की गई है। वर्तमान में, गंभीर इलाज के लिए जिलेवासियों को अन्य बड़े शहरों पर निर्भर रहना पड़ता है। मेडिकल कॉलेज खुलने से कोरिया एक ‘हेल्थ हब’ के रूप में उभरेगा।
- लॉ कॉलेज की शुरुआत: शिक्षा के क्षेत्र में विस्तार करते हुए सर्व समाज ने कोरिया जिले में एक लॉ कॉलेज खोलने का निवेदन किया है। इससे जिले के छात्रों को कानून की पढ़ाई के लिए बाहर नहीं जाना पड़ेगा।
- सड़कों का चौड़ीकरण खरवत चौक से जमगहना यातायात व्यवस्था को सुगम बनाने के लिए जिला मुख्यालय बैकुंठपुर के अंतर्गत खरवत चौक से बिरसा मुण्डा चौक जमगहना तक सड़क चौड़ीकरण की मांग की गई है। यह मार्ग भविष्य की जरूरतों और बढ़ते ट्रैफिक को देखते हुए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
विभाजन के बाद विकास की नई राह की तलाश
ज्ञापन सौंपने वाले प्रतिनिधियों ने कहा, “कोरिया जिला विभाजन के बाद छोटा जरूर हुआ है, लेकिन इसकी विकास की संभावनाएं अपार हैं। यदि सरकार इन चार मांगों को स्वीकार करती है, तो कोरिया जिला फिर से प्रदेश के सबसे विकसित जिलों की श्रेणी में खड़ा हो सकेगा।