रायपुर। नगर निगम रायपुर ने प्लेसमेंट कर्मचारियों के वेतन भुगतान में लापरवाही और अनावश्यक देरी करने पर कड़ी कार्रवाई की है। निगम प्रशासन ने अनशर्यान सर्विसेस प्राइवेट लिमिटेड, जबलपुर का ठेका तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिया है। साथ ही एजेंसी द्वारा जमा की गई सुरक्षा निधि (एफडीआर) को भी राजसात करने का आदेश जारी किया गया है।
नगर निगम के सामान्य प्रशासन विभाग के अनुसार, इस एजेंसी के माध्यम से निगम में 57 कंप्यूटर ऑपरेटर और 2 स्टेनोग्राफर कार्यरत हैं। अनुबंध की शर्तों के अनुसार एजेंसी को हर महीने की 5 तारीख तक कर्मचारियों का वेतन भुगतान करना था, लेकिन दिसंबर 2025 का वेतन अब तक लंबित है। एजेंसी द्वारा समय पर भुगतान न करने और गलत तथ्य प्रस्तुत कर अनावश्यक पत्र व्यवहार करने के कारण निगम ने यह सख्त कदम उठाया है।
मामले के विवरण के अनुसार, निगम ने एजेंसी को कई बार नोटिस जारी कर वेतन भुगतान और ईपीएफ व ईएसआईसी से संबंधित चालान प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद एजेंसी ने कर्मचारियों को भुगतान नहीं किया। एजेंसी ने लेबर लाइसेंस के नाम पर अतिरिक्त खर्च का हवाला देकर भुगतान में देरी की, जिसे सहायक श्रम आयुक्त कार्यालय ने जांच में गलत पाया। श्रम विभाग ने स्पष्ट किया कि लाइसेंस शुल्क का भुगतान कार्य पूर्ण होने के बाद वापसी योग्य होता है, जिससे यह सिद्ध हुआ कि एजेंसी निगम को भ्रमित कर रही थी।
नगर निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि कर्मचारियों के हितों की अनदेखी और अनुबंध की शर्तों का उल्लंघन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। एजेंसी द्वारा प्रस्तुत जवाब समाधानकारक नहीं होने और जानबूझकर समय व्यर्थ करने के कारण उसकी सुरक्षा निधि जब्त करते हुए उसे सेवा से बाहर कर दिया गया है। निगम अब इन कर्मचारियों के वेतन भुगतान और नई व्यवस्था को लेकर वैकल्पिक कदम उठा रहा है।