भोपाल। मध्यप्रदेश में कांग्रेस विधायक राजेंद्र भारती की विधानसभा सदस्यता को लेकर राजनीतिक विवाद गहरा गया है। इस मामले में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखे आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है। ताजा घटनाक्रम में, गुरुवार देर रात विधानसभा सचिवालय खोले जाने पर कांग्रेस ने सरकार और विधानसभा सचिव की कार्यप्रणाली पर कड़े सवाल उठाए हैं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी रात करीब 11 बजे अचानक विधानसभा पहुंचे।
प्रमुख सचिव के चेंबर पहुंचे कांग्रेस नेता जीतू पटवारी पूर्व कानून मंत्री पीसी शर्मा के साथ सीधे विधानसभा के प्रमुख सचिव के चेंबर में पहुंचे। उन्होंने आरोप लगाया कि भारतीय जनता पार्टी के इशारे पर राजेंद्र भारती की सदस्यता समाप्त करने की प्रक्रिया पूरी करने के लिए नियम विरुद्ध तरीके से रात को सचिवालय खोला गया। उल्लेखनीय है कि एफडी फर्जीवाड़ा मामले में विधायक राजेंद्र भारती को हाल ही में तीन साल की सजा सुनाई गई है, जिसे लेकर उनकी सदस्यता पर तलवार लटकी हुई है।
चुनाव आयोग को पत्र भेजने की अटकलें कांग्रेस नेता पीसी शर्मा ने इस दौरान कहा कि मामले में कानूनी राहत यानी स्टे होने के बावजूद रात के अंधेरे में सदस्यता समाप्त करने की साजिश रची जा रही थी, जिसे बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। राजनीतिक गलियारों में इस बात की भी चर्चा रही कि विधायक की सीट रिक्त घोषित करने के लिए चुनाव आयोग को पत्र भेजा गया है। हालांकि, विधानसभा अध्यक्ष नरेंद्र सिंह तोमर और प्रमुख सचिव अरविंद शर्मा ने अब तक आधिकारिक तौर पर इस पत्र की पुष्टि नहीं की है।