प्रतापपुर विधानसभा क्षेत्र की विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते ने भी किया पूजा अर्चना
प्रतापपुर- बाबा जलेश्वरनाथ की पावन नगरी शिवपुर धाम में महाशिवरात्रि के अवसर पर आस्था का अद्भुत नजारा देखने को मिला। सुबह की पहली आरती से ही श्रद्धालुओं की भीड़ मंदिर परिसर में उमड़ने लगी थी। दूर-दराज़ के गांवों, कस्बों और आसपास के क्षेत्रों से हजारों की संख्या में भक्त भगवान भोलेनाथ के दर्शन और जलाभिषेक के लिए पहुंचे। पूरा क्षेत्र “हर-हर महादेव” और “बम-बम भोले” के जयकारों से गुंजायमान रहा। भक्तों ने लंबी कतारों में खड़े होकर विधि-विधान से रुद्राभिषेक, दुग्धाभिषेक और जलाभिषेक किया तथा अपने परिवार और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की।
मंदिर परिसर को आकर्षक फूलों और रंग-बिरंगी रोशनी से सजाया गया था, जिससे पूरा शिवपुर धाम दिव्यता से आलोकित नजर आया। शाम होते-होते माहौल और भी भव्य हो गया, जब रंगबिरंगी झांकियों ने श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। भगवान शिव-पार्वती, गणेश और अन्य देवी-देवताओं की जीवंत झांकियां लोगों के आकर्षण का केंद्र रहीं। ग्रामीण कलाकारों द्वारा प्रस्तुत इन झांकियों ने धार्मिक आस्था के साथ-साथ सांस्कृतिक एकता का भी संदेश दिया।
शिवपुर धाम में आयोजित भव्य भजन ने पूरे आयोजन को चरम पर पहुंचा दिया। स्थानीय एवं बाहर से आए भजन गायकों ने शिव भक्ति के मधुर भजनों की प्रस्तुति दी, जिनकी धुन पर श्रद्धालु देर रात तक झूमते रहे। ढोल-नगाड़ों और संगीत की गूंज से वातावरण पूरी तरह भक्तिमय हो उठा। महाशिवरात्रि पर निकाली गई झांकियां विशेष आकर्षण का केंद्र रहीं। भगवान शिव-पार्वती, गणेश एवं अन्य देवी-देवताओं की झांकियों ने लोगों को भाव-विभोर कर दिया। बच्चों और युवाओं में विशेष उत्साह देखा गया। महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों की भारी उपस्थिति ने कार्यक्रम को यादगार बना दिया। इस अवसर पर प्रतापपुर विधानसभा की लोकप्रिय विधायक शकुंतला सिंह पोर्ते भी शिवपुर धाम पहुंचीं। उन्होंने बाबा जलेश्वरनाथ के दर्शन कर क्षेत्रवासियों की खुशहाली और समृद्धि की कामना की तथा आयोजन समिति के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन सामाजिक समरसता और भाईचारे को मजबूत करते हैं।
सुरक्षा व्यवस्थाएं रहीं चाक-चौबंद
भीड़ को देखते हुए प्रशासन द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। पुलिस बल और स्वयंसेवकों की तैनाती से श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हुई। चिकित्सा और पेयजल की भी विशेष व्यवस्था की गई थी। महाशिवरात्रि के इस भव्य आयोजन ने एक बार फिर सिद्ध कर दिया कि बाबा जलेश्वरनाथ के प्रति लोगों की आस्था अटूट है और शिवपुर धाम धार्मिक श्रद्धा का प्रमुख केंद्र बना हुआ है।