रायपुर। छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय रोवर रेंजर जम्बूरी आज से शुरू हो गई है, लेकिन आयोजन के साथ ही राजनीतिक विवाद भी तेज हो गया है। रायपुर सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने खुद को भारत स्काउट्स एंड गाइड्स, छत्तीसगढ़ का वैधानिक अध्यक्ष बताते हुए आयोजन पर आपत्ति जताई और हाईकोर्ट का रुख किया है। उनका आरोप है कि बिना नियमों का पालन किए और उन्हें हटाए बिना नया अध्यक्ष मनोनीत कर दिया गया, जो पूरी तरह असंवैधानिक है।
इस मामले में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री अमरजीत भगत ने बृजमोहन अग्रवाल के समर्थन में बयान देते हुए कहा कि “बृजमोहन के प्रति संवेदना और सहानुभूति है। वे धरातल और जनहित से जुड़े नेता हैं। अगर वे कुछ बोल रहे हैं तो जरूर कोई गंभीर बात होगी। सरकार उनके साथ पक्षपात कर रही है। अपने ही घर में वे पराए बनकर रह गए हैं। बृजमोहन के साथ गलत हो रहा है और जो लोग ऐसा कर रहे हैं, उनके नाम उजागर होने चाहिए।”



वहीं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जम्बूरी को राज्य के लिए गौरवपूर्ण आयोजन बताते हुए कहा कि यह राष्ट्रीय स्तर का कार्यक्रम है और तय कार्यक्रम के अनुसार आयोजित किया जा रहा है। सरकार का कहना है कि हजारों प्रतिभागी देशभर से पहुंच चुके हैं, ऐसे में आयोजन को रोका नहीं जा सकता।
दूसरी ओर कांग्रेस ने इसे भाजपा की अंदरूनी खींचतान और भ्रष्टाचार का मामला बताया है। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि टेंडर प्रक्रिया और नियमों की अनदेखी की गई है तथा इस पूरे मामले की EOW/ACB जांच की मांग की है।
कुल मिलाकर जम्बूरी का आयोजन जहां शुरू हो चुका है, वहीं यह कार्यक्रम अब राजनीतिक टकराव का केंद्र बन गया है, जिसमें सत्ता पक्ष और विपक्ष आमने-सामने हैं।