डोंगरगढ़। चैत्र नवरात्र पर्व के पावन अवसर पर विश्व प्रसिद्ध धर्मनगरी डोंगरगढ़ स्थित मां बम्लेश्वरी देवी का दरबार पूरी तरह सजकर तैयार हो गया है। 19 मार्च से शुरू हो रहे इस नौ दिवसीय महोत्सव में इस बार आस्था के साथ आधुनिक व्यवस्थाओं का अनूठा संगम देखने को मिलेगा। मंदिर ट्रस्ट ने परिसर को भव्य भगवा थीम और आकर्षक डिजिटल लाइटिंग से सजाया है, जिससे पूरा पहाड़ी क्षेत्र भक्तिमय आभा से जगमगा उठा है।
मंदिर की सजावट में इस बार विशेष रूप से घंटियों और वार्म लाइट्स का प्रयोग किया गया है, जो श्रद्धालुओं को एक विशेष आध्यात्मिक अनुभव प्रदान करेगा। सजावट विशेषज्ञों के अनुसार, लाइटिंग और साउंड सिस्टम के माध्यम से पूरे परिसर को पहली बार इस तरह संयोजित किया गया है कि श्रद्धालु भक्ति गीतों के साथ मंत्रमुग्ध हो जाएंगे। आस्था के प्रतीक के रूप में इस वर्ष नीचे स्थित मंदिर में 901 और ऊपर पहाड़ी पर स्थित मुख्य मंदिर में लगभग 7,500 ज्योति कलश प्रज्वलित किए जाएंगे।
श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए रेलवे और जिला प्रशासन ने भी व्यापक इंतजाम किए हैं। डोंगरगढ़ रेलवे स्टेशन पर अतिरिक्त ट्रेनों के परिचालन के साथ ही कई प्रमुख एक्सप्रेस ट्रेनों का अस्थायी ठहराव दिया गया है, जिससे छत्तीसगढ़ सहित पड़ोसी राज्यों महाराष्ट्र और मध्य प्रदेश से आने वाले यात्रियों को सुविधा होगी। सुरक्षा व्यवस्था की कमान लगभग एक हजार पुलिस जवानों के हाथों में होगी। पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा के निर्देशन में भीड़ नियंत्रण और आपात स्थितियों के लिए क्विक रिस्पांस टीम तैनात की गई है।
ऐतिहासिक महत्व की बात करें तो करीब 200 वर्ष पुराने इस मंदिर का निर्माण खैरागढ़ रियासत के राजा कमलनारायण सिंह ने कराया था। वर्तमान में मंदिर ट्रस्ट और प्रशासन के संयुक्त प्रयासों से नवरात्र महोत्सव को सुव्यवस्थित बनाने की तैयारी पूरी कर ली गई है। भगवा रंग की सज्जा और हजारों दीपों की रोशनी के बीच इस बार का नवरात्र डोंगरगढ़ में बेहद खास होने जा रहा है।