रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर और अंबिकापुर जेलों में गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली लागू
रमेश गुप्ता रायपुर, । छत्तीसगढ़ की चार केंद्रीय जेलों—रायपुर, दुर्ग, बिलासपुर और अंबिकापुर—को ISO 9001:2015 प्रमाणपत्र प्रदान किया गया है। यह प्रमाणन जेलों में राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
जेल विभाग के उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा के निर्देश पर राज्य की केंद्रीय जेलों में कार्यप्रणाली, सेवा गुणवत्ता और प्रशासनिक प्रक्रियाओं को मानकीकृत करने के उद्देश्य से आईएसओ सर्टिफिकेशन की प्रक्रिया प्रारंभ की गई थी। निर्धारित मानकों की समीक्षा एवं मूल्यांकन के बाद 11 फरवरी 2026 को प्रमाणन संस्था द्वारा संबंधित जेल अधीक्षकों को औपचारिक रूप से प्रमाणपत्र प्रदान किए गए।
जेल विभाग के अधिकारियों के अनुसार, इस प्रमाणन से जेलों में कार्य प्रक्रियाओं में एकरूपता और पारदर्शिता आएगी। साथ ही बंदियों के कल्याण, मानवाधिकार संरक्षण, जोखिम प्रबंधन और जवाबदेही की व्यवस्था को और सुदृढ़ किया जा सकेगा। विभाग का मानना है कि इससे सुधारात्मक न्याय प्रणाली को मजबूती मिलेगी और आमजन के बीच संस्थागत विश्वास बढ़ेगा।
इस उपलब्धि में केंद्रीय जेल रायपुर के जेल अधीक्षक योगेश सिंह क्षत्री, केंद्रीय जेल बिलासपुर के जेल अधीक्षक खोमेश मण्डावी, केंद्रीय जेल दुर्ग के जेल अधीक्षक मनीष सम्भाकर तथा अक्षय सिंह राजपूत सहित चारों जेलों के अधिकारियों और कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
राज्य सरकार ने इसे कारागार प्रशासन में सुधार और गुणवत्ता उन्नयन की दिशा में मील का पत्थर बताया है।